{"_id":"5f62ec628ebc3eb72756c87e","slug":"massive-fire-in-two-factory-investigation-team-give-report","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"आगराः फैक्टरी में अग्निकांड के बाद जांच समिति की रिपोर्ट से चौंकाने वाला खुलासा, बड़ी वजह आई सामने","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आगराः फैक्टरी में अग्निकांड के बाद जांच समिति की रिपोर्ट से चौंकाने वाला खुलासा, बड़ी वजह आई सामने
Thu, 17 Sep 2020 10:26 AM IST
Abhishek Saxena
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
Published by: Abhishek Saxena
Updated Thu, 17 Sep 2020 10:26 AM IST
सार
आग सात सितंबर को लगी थी। इसे बुझाने के लिए वायुसेना और मथुरा रिफाइनरी तक की दमकल बुलाई गई थीं। जांच अधिकारी एडीएम वित्त योगेंद्र कुमार ने बताया कि सबसे बड़ी लापरवाही निकास द्वार का एक होना मिली है।
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सिकंदरा स्थित फैक्टरी में लगी भीषण आग की तस्वीरें (फाइल)
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
टॉप ब्लास्ट और आगरा केमिकल फैक्टरी के पंजीकरण अलग-अलग होने के बावजूद दोनों एक ही परिसर में चल रहीं थीं, इनमें दो की जगह निकास द्वार भी एक ही था। इतना ही नहीं, आगरा केमिकल का फैक्टरी एक्ट में पंजीकरण भी नहीं था। ये जानकारी इन फैक्टरियों में लगी भीषण आग के मामले में जांच कर रही समिति के सामने आई है।
समिति ने प्रथम दृष्टया फैक्टरियों में नियमों का उल्लंघन माना है। जांच अभी जारी है। आग सात सितंबर को लगी थी। इसे बुझाने के लिए वायुसेना और मथुरा रिफाइनरी तक की दमकल बुलाई गई थीं।
जांच अधिकारी एडीएम वित्त योगेंद्र कुमार ने बताया कि सबसे बड़ी लापरवाही निकास द्वार का एक होना मिली है। उप निदेशक कारखाना से फैक्टरियों के संबंध में दस्तावेज मांगे गए हैं। संचालकों ने फैक्टरियों के नक्शे प्रस्तुत नहीं किए हैं। बाकी दस्तावेज मिलने के बाद ही कोई कार्रवाई होगी।
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समिति ने प्रथम दृष्टया फैक्टरियों में नियमों का उल्लंघन माना है। जांच अभी जारी है। आग सात सितंबर को लगी थी। इसे बुझाने के लिए वायुसेना और मथुरा रिफाइनरी तक की दमकल बुलाई गई थीं।
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जांच अधिकारी एडीएम वित्त योगेंद्र कुमार ने बताया कि सबसे बड़ी लापरवाही निकास द्वार का एक होना मिली है। उप निदेशक कारखाना से फैक्टरियों के संबंध में दस्तावेज मांगे गए हैं। संचालकों ने फैक्टरियों के नक्शे प्रस्तुत नहीं किए हैं। बाकी दस्तावेज मिलने के बाद ही कोई कार्रवाई होगी।
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चार होटलों में अग्निशमन के उपाय नहीं, फिर जारी किए नोटिस
अग्निशमन विभाग ने चार होटलों को फिर से नोटिस जारी किए हैं। निरीक्षण में कमियां मिलने के बाद भी इन्होंने अग्निशमन के उपाय नहीं किए। इन्हें एक नोटिस पहले दिया जा चुका है।
दूसरा नोटिस देकर क्रिस्टल टॉवर, रॉयल कस्टले, ताज इन और सांई आशियाना को सात दिन का अल्टीमेट देते हुए हुए कानूनी कार्रवाई के लिए चेताया है। सात सितंबर को इन चार होटलों को सीएफओ अक्षय रंजन शर्मा की संस्तुति पर एडीएम सिटी डॉ. प्रभाकांत अवस्थी ने पहला नोटिस जारी करते हुए सात दिन में जवाब मांगा था।
इन्हें जारी हुए नोटिस
- लक्ष्मण दास गोयल, होटल क्रिस्टल रिट्रीट क्रिस्ट्रल टॉवर, ताजगंज।
- राजीव वाधवा, वाधवा रॉयल कस्टले, रजरई रोड, ताजगंज।
- नीरज माहेश्वरी, ताज इन होटल एंड रेस्टोरेंट, जसोरिया एंकलेव, ताजगंज।
- शिवराज सिंह यादव, सांई आशियाना मल्टी स्टोरी, चमरौली, ताजगंज।
अग्निशमन विभाग ने चार होटलों को फिर से नोटिस जारी किए हैं। निरीक्षण में कमियां मिलने के बाद भी इन्होंने अग्निशमन के उपाय नहीं किए। इन्हें एक नोटिस पहले दिया जा चुका है।
दूसरा नोटिस देकर क्रिस्टल टॉवर, रॉयल कस्टले, ताज इन और सांई आशियाना को सात दिन का अल्टीमेट देते हुए हुए कानूनी कार्रवाई के लिए चेताया है। सात सितंबर को इन चार होटलों को सीएफओ अक्षय रंजन शर्मा की संस्तुति पर एडीएम सिटी डॉ. प्रभाकांत अवस्थी ने पहला नोटिस जारी करते हुए सात दिन में जवाब मांगा था।
इन्हें जारी हुए नोटिस
- लक्ष्मण दास गोयल, होटल क्रिस्टल रिट्रीट क्रिस्ट्रल टॉवर, ताजगंज।
- राजीव वाधवा, वाधवा रॉयल कस्टले, रजरई रोड, ताजगंज।
- नीरज माहेश्वरी, ताज इन होटल एंड रेस्टोरेंट, जसोरिया एंकलेव, ताजगंज।
- शिवराज सिंह यादव, सांई आशियाना मल्टी स्टोरी, चमरौली, ताजगंज।