आकाशीय बिजली ने रोकी रेल की रफ्तार: मक्खनपुर रेलवे स्टेशन के सिग्नल फेल, कई ट्रेनें रहीं प्रभावित
शुक्रवार रात को आकाशीय बिजली मक्खनपुर स्टेशन के सेक्शन में रेलट्रैक के किनारे लगे हुए इसीयू (इलेक्ट्रिक कम्प्यूटर यूनिट) संख्या 53 पर गिर गई। जिससे रेलवे स्टेशन के सिग्नल फेल हो गए। इससे चार घंटे तक दिल्ली-कानपुर रेलमार्ग बाधित रहा। सिग्नल न मिलने पर जहां-तहां ट्रेनें रोक दी गईं।
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फिरोजाबाद जिले में कानपुर रेलखंड के मक्खनपुर स्टेशन के निकट आकाशीय बिजली गिरने से अप एवं डाउन रेलट्रैक के सिग्नल खराब हो गए। इसके चलते दिल्ली-कानपुर रेलमार्ग पर अप और डाउन की ट्रेनें एक के पीछे एक खड़ी होती चली गईं। सिग्नल फेल होने की जानकारी से रेलवे प्रशासन में हड़कंप मच गया।
रेल अधिकारियों ने सिग्नल ठीक होने तक ट्रेनों को मैसेज भेजकर चलवाया। करीब चार घंटों बाद खराब हुए सिग्नलों को सही किया गया तब रेल संचालन अपनी गति से सुचारू हो सका। इस दौरान करीब एक दर्जन ट्रेनें प्रभावित रहीं।
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शुक्रवार देर शाम अचानक मौसम ने करवट बदल ली। देखते ही देखते आसमान में काले बादल मडराने लगे थे। रात्रि साढ़े 10 बजे करीब अचानक बादलों में तेज गड़गड़ाहट के साथ आकाशीय बिजली मक्खनपुर स्टेशन के सेक्शन में रेलट्रैक के किनारे लगे हुए ईसीयू (इलेक्ट्रिक कम्प्यूटर यूनिट) संख्या 53 पर आ गिरी।
रेलवे स्टेशन की निकट गिरी आकाशीय बिजली
आकाशीय बिजली गिरने से स्टेशन पर तेज रोशनी हुई और रेलकर्मियों सहित यात्रियों में भी अफरा-तफरी मच गई। आकाशीय बिजली गिरने के साथ ही अप एवं डाउन रेलट्रैक के सिग्नलों ने काम करना बंद कर दिया। इसके चलते दोनों ही ट्रैकों पर आ रहीं ट्रेनों कैसा भी सिग्नल न मिलने पर जहां तहां खड़ी होती चली गई।
इस सूचना से मुख्य नियंत्रण कक्ष टूंडला में भी हड़कंप मच गया। अधिकारियों ने आनन-फानन में विभागीय कर्मचारियों की टीम को मौके पर पहुंचने के निर्देश दिए। टीम ने मौके पर जाकर कार्य शुरू कर दिया था, लेकिन करीब एक घंटे बाद भी सफलता न मिलने पर ट्रेनों को मैसेज भेजकर चलवाना शुरू किया।
मध्यरात्रि 2:25 बजे करीब कर्मचारियों ने ईसीयू को सही किया। इसके बाद ही ट्रेनों का अपनी गति से संचालन शुरु हो सका। इस दौरान मगध एक्सप्रेस, वैशाली एक्सप्रेस, ऊंचाहार एक्सप्रेस, कालिंदी एक्सप्रेस सहित लगभग एक दर्जन मालगाड़ियां भी ट्रेनें प्रभावित रहीं।