{"_id":"6216749a6d0b760f3f67ea80","slug":"instructions-for-setting-up-additional-classes-in-council-schools-mainpuri-news-agr5252349175","type":"story","status":"publish","title_hn":"परिषदीय स्कूलों में लगेंगी अतिरक्ति कक्षाएं","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
परिषदीय स्कूलों में लगेंगी अतिरक्ति कक्षाएं
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मैनपुरी। मतदान समाप्त होते ही बीएसए ने परिषदीय स्कूलों की शिक्षा व्यवस्था में सुधार के लिए प्रयास शुरू कर दिए हैं। उन्होंने परिषदीय स्कूलों में कोरोना व चुनाव के कारण बाधित हुई पढ़ाई की भरपाई करने का आदेश जारी किया है। इसके लिए परिषदीय स्कूलों में अतिरिक्त कक्षा संचालन के निर्देश दिए हैं।
बीएसए कमल सिंह ने जिले के प्रधानाध्यापकों को निर्देश दिए हैं कि परिषदीय स्कूलों में शिक्षा का बेहतर स्तर बनाया जाए। कोरोना काल में हुई शिक्षा की क्षति को पूरा करने के लिए अतिरिक्त कक्षाओं का संचालन किया जाए। प्रधानाध्यापक की जिम्मेदारी है कि वे समय सारणी तैयार करें और कमजोर बच्चों के लिए अतिरिक्त कक्षा का संचालन किया जाए। प्रधानाध्यापक समय सारणी के अनुसार कक्षा का संचालन करें।
बीएसए ने स्पष्ट किया कि बच्चों को अपनी कक्षा के अनुसार पठन-पाठन आना जरूरी है। मतदान समाप्त हो गया है अब शिक्षकों का कोई बहाना नहीं चलेगा। उन्होंने चेतावनी दी कि शिक्षक- शिक्षिकाएं समय से स्कूल पहुंचें। पठन-पाठन में किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी।
विज्ञापन
खड़े होकर करानी होगी पढ़ाई
बीएसए ने कहा कि अधिकतर स्कूलों में शिक्षक-शिक्षिकाएं कुर्सी पर बैठे रहते हैं। अब उन्हें कुर्सी छोड़कर खड़े होकर शिक्षण कार्य करना होगा। निर्देश दिए कि कक्षा कक्ष में कुर्सी और मेज दिखाई नहीं देनी चाहिए।
खंड शिक्षाधिकारी करेंगे निरीक्षण
परिषदीय स्कूलों में अतिरक्ति कक्षा संचालन और शिक्षा का स्तर सुधारने के लिए निगरानी समितियां गठित की गई हैं। खंड शिक्षाधिकारी और जिला समन्वयक को प्रत्येक सप्ताह अपने-अपने क्षेत्रों में भ्रमण कर शिक्षा की गुणवत्ता की जांच करनी होगी।
प्रधानाध्यापक स्कूलों में बेहतर शिक्षा का वातावरण तैयार करें। कमजोर बच्चों के लिए अतिरिक्त कक्षा का संचालन करें। शिक्षण कार्य में किस प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
कमल सिंह, बीएसए।
विज्ञापन
बीएसए कमल सिंह ने जिले के प्रधानाध्यापकों को निर्देश दिए हैं कि परिषदीय स्कूलों में शिक्षा का बेहतर स्तर बनाया जाए। कोरोना काल में हुई शिक्षा की क्षति को पूरा करने के लिए अतिरिक्त कक्षाओं का संचालन किया जाए। प्रधानाध्यापक की जिम्मेदारी है कि वे समय सारणी तैयार करें और कमजोर बच्चों के लिए अतिरिक्त कक्षा का संचालन किया जाए। प्रधानाध्यापक समय सारणी के अनुसार कक्षा का संचालन करें।
विज्ञापन
बीएसए ने स्पष्ट किया कि बच्चों को अपनी कक्षा के अनुसार पठन-पाठन आना जरूरी है। मतदान समाप्त हो गया है अब शिक्षकों का कोई बहाना नहीं चलेगा। उन्होंने चेतावनी दी कि शिक्षक- शिक्षिकाएं समय से स्कूल पहुंचें। पठन-पाठन में किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी।
विज्ञापन
खड़े होकर करानी होगी पढ़ाई
बीएसए ने कहा कि अधिकतर स्कूलों में शिक्षक-शिक्षिकाएं कुर्सी पर बैठे रहते हैं। अब उन्हें कुर्सी छोड़कर खड़े होकर शिक्षण कार्य करना होगा। निर्देश दिए कि कक्षा कक्ष में कुर्सी और मेज दिखाई नहीं देनी चाहिए।
खंड शिक्षाधिकारी करेंगे निरीक्षण
परिषदीय स्कूलों में अतिरक्ति कक्षा संचालन और शिक्षा का स्तर सुधारने के लिए निगरानी समितियां गठित की गई हैं। खंड शिक्षाधिकारी और जिला समन्वयक को प्रत्येक सप्ताह अपने-अपने क्षेत्रों में भ्रमण कर शिक्षा की गुणवत्ता की जांच करनी होगी।
प्रधानाध्यापक स्कूलों में बेहतर शिक्षा का वातावरण तैयार करें। कमजोर बच्चों के लिए अतिरिक्त कक्षा का संचालन करें। शिक्षण कार्य में किस प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
कमल सिंह, बीएसए।