फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Agra News ›   Doctors gave lectures in Gynecology workshop understood new technology in live telecast

Gynae Workshop: देर से शादी करने के नुकसान, 29 की उम्र में बच्चा होने से बढ़ रही परेशानी; ये कहते हैं चिकित्सक

Sun, 17 Sep 2023 10:28 AM IST
धीरेन्द्र सिंह अमर उजाला, आगरा
अमर उजाला, आगरा Published by: धीरेन्द्र सिंह Updated Sun, 17 Sep 2023 10:28 AM IST
सार

देर से शादी करने के भी काफी सारे नुकसान हैं। 40 फीसदी महिलाएं यूरिन लीक से परेशान हैं। दिक्कत बढ़ने के बाद डॉक्टरों को दिखा रही हैं, जिससे ऑपरेशन कारगर नहीं है।  
 

विज्ञापन
Doctors gave lectures in Gynecology workshop understood new technology in live telecast
शादी - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

देर से शादी और संतान उत्पत्ति से महिलाएं अनचाही बीमारी की शिकार हो रही हैं। 40 फीसदी महिलाएं यूरिन लीक से परेशान हैं। दिक्कत बढ़ने के बाद डॉक्टरों को दिखा रही हैं, जिससे ऑपरेशन कारगर नहीं है। इंडियन एसोसिएशन ऑफ गाइनेकोलॉजिकल एंडोस्कोपिस्ट और आगरा ऑब्स एंड गाइनी सोसाइटी कार्यशाला में डॉक्टरों ने ये व्याख्यान दिए। 20 ऑपरेशन भी हुए, जिनके सजीव प्रसारण से चिकित्सकों ने नई तकनीकी समझी।

विज्ञापन


फतेहाबाद रोड स्थित होटल में इंडियन मीनोपॉज सोसाइटी की सचिव डॉ. रागिनी अग्रवाल ने बताया कि यूरिन लीक की 35-40 फीसदी मरीज हैं। झिझक के कारण महिलाएं इसे छिपाती हैं। प्लेटलेट्स इंजेक्ट करने, लेजर और इलेक्ट्रोमैग्नेट चेयर से नॉन सर्जिकल इलाज किया जा रहा है।
विज्ञापन


आगरा आब्स एंड गाइनी सोसाइटी की अध्यक्ष डॉ. सुषमा गुप्ता ने कहा कि औसतन 29 साल की उम्र में पहला बच्चा हो रहा है। शादी-संतान के लिए बेहतर आयु 22-24 साल है। अधिक उम्र में बच्चेदानी कमजोर होने से दिक्कत पनपती है।
विज्ञापन
विज्ञापन


कार्यशाला में डॉ. संजय पाटिल, डॉ. बी. रमेश, अमेरिका के डॉ. गैरी मारकस, ब्राजील के डॉ. रितेन रिब्रेरो, डॉ. सरोज सिंह, डॉ. रिचा सिंह, डॉ. पूनम यादव, डॉ. रुचिका गर्ग, डॉ. वैशाली टंडन, डॉ. शिखा सिंह, डाॅ. अनुपम गुप्ता, डॉ. सविता त्यागी, डॉ. गार्गी गुप्ता आदि रहीं।


ये भी पढ़ें - होम स्टे की घिनौनी सच्चाई: देह व्यापार की सूचना पर छापा, एक किशोरी भी थी...; सच तलाश रही पुलिस

डॉक्टरों ने किए 30 मरीजों के ऑपरेशन
संयोजक डॉ. अमित टंडन ने बताया कि कार्यशाला के पहले दिन 30 ऑपरेशन हुए हैं। इसमें बार-बार पेशाब आना, बच्चेदानी का मुंह खोलने, बार-बार गर्भपात आदि के मामले रहे। अमेरिका, इटली, ब्राजील के चिकित्सकों ने ऑपरेशन किए। एसएन कॉलेज के गेस्ट्रो सर्जन डॉ. हिमांशु यादव ने दूरबीन विधि से आंत काटकर जोड़ने का प्रशिक्षण दिया।

ये भी पढ़ें - Agra: साइबर ठगी के लिए खुलवाते बैंक खाते, पुलिस ने दो एजेंटों को दबोचा; 18 खातों से हुआ करोड़ों का घपला

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed