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शाहदरा में पटाखा फैक्ट्री में लगी भीषण आग
शाहदरा में पटाखा फैक्ट्री में लगी भीषण आग
Updated Wed, 21 Sep 2016 01:29 AM IST
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टांडा में गैस भरते समय लगी आग से जलती मारूति वैन।
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में इस्तेमाल होने वाला गंधक और पोटाश रखा था। पास में ही पेट्रोल पंप है। इसके चलते आस पास से लोग हट गए। फायर ब्रिगेड की सात गाड़ियां लगाई गई। इन्हें आग पर काबू पाने में करीब चार घंटे लगे।
आग लगने के कारणों का पता अभी नहीं चल पाया है। दोपहर को अचानक से धुआं उठता देख आस पास के लोग परेशान हो गए। धुएं के साथ केमिकल की गंध भी आ रही थी। डर यह था कि कहीं धमाका न हो जाए। पहले फायर ब्रिगेड की दो गाड़ियां भेजी गई। लेकिन आग फैलती जा रही थी।
इसकेबाद एक एक कर पांच गाड़ियां और भेजी गई। उधर आस पास का इलाका खाली हो गया। थोड़ी दूरी पर काफी भीड़ जमा हो गई। पुलिस ने बताया कि फैक्ट्री में गंधक और पोटाश रखा था। यहां पटाखे बनाए जाते हैं। फिलहाल केवल केमिकल रखे थे, पटाखे नहीं थे। जब पानी से आग नहीं बुझी तो शाम को यमुना से निलाकर रेत डाली गई। इसकेबाद देर शाम सात बजे आग पर काबू पा लिया गया।
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-- दो साल पहले भी लगी थी आग
आस पास के लोगों ने बताया कि यहां दो साल पहले भी आग लगी थी। तब इससे भी भीषण थी। हाईवे तक ट्रैफिक रुक गया था। दमकल को काफी जूझना पड़ा था। इसकेबाद लंबी जांच पड़ताल चली। बाद में फैक्ट्री के लाइसेंस का नवीनीकरण कर दिया गया। पेट्रोलियम एवं विस्फोटक सुरक्षा संगठन की ओर से लाइसेंस जारी किया गया है।
--। मीडियाकर्मियों से अभद्रता की
आगरा। आग की कवरेज के लिए पहुंचे मीडियाकर्मियों से अभद्रता की गई। उन्हें फोटो करने से रोका गया। दो मीडियाकर्मियों के कैमरे छीनने के प्रयास किया गया। पुलिस ने पहुंचकर स्थिति को संभाला।
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आग लगने के कारणों का पता अभी नहीं चल पाया है। दोपहर को अचानक से धुआं उठता देख आस पास के लोग परेशान हो गए। धुएं के साथ केमिकल की गंध भी आ रही थी। डर यह था कि कहीं धमाका न हो जाए। पहले फायर ब्रिगेड की दो गाड़ियां भेजी गई। लेकिन आग फैलती जा रही थी।
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इसकेबाद एक एक कर पांच गाड़ियां और भेजी गई। उधर आस पास का इलाका खाली हो गया। थोड़ी दूरी पर काफी भीड़ जमा हो गई। पुलिस ने बताया कि फैक्ट्री में गंधक और पोटाश रखा था। यहां पटाखे बनाए जाते हैं। फिलहाल केवल केमिकल रखे थे, पटाखे नहीं थे। जब पानी से आग नहीं बुझी तो शाम को यमुना से निलाकर रेत डाली गई। इसकेबाद देर शाम सात बजे आग पर काबू पा लिया गया।
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-- दो साल पहले भी लगी थी आग
आस पास के लोगों ने बताया कि यहां दो साल पहले भी आग लगी थी। तब इससे भी भीषण थी। हाईवे तक ट्रैफिक रुक गया था। दमकल को काफी जूझना पड़ा था। इसकेबाद लंबी जांच पड़ताल चली। बाद में फैक्ट्री के लाइसेंस का नवीनीकरण कर दिया गया। पेट्रोलियम एवं विस्फोटक सुरक्षा संगठन की ओर से लाइसेंस जारी किया गया है।
--। मीडियाकर्मियों से अभद्रता की
आगरा। आग की कवरेज के लिए पहुंचे मीडियाकर्मियों से अभद्रता की गई। उन्हें फोटो करने से रोका गया। दो मीडियाकर्मियों के कैमरे छीनने के प्रयास किया गया। पुलिस ने पहुंचकर स्थिति को संभाला।