{"_id":"5f65ba905c9cb93f8461ce20","slug":"agra-police-seized-property-of-bookie-rinku-sarkar","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"सूदखोर से बना सटोरिया, काली कमाई से खरीदी करोड़ों की संपत्ति, पुलिस ने तैयारी की रिंकू सरकार की कुंडली","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम","slug":"crime"}}
सूदखोर से बना सटोरिया, काली कमाई से खरीदी करोड़ों की संपत्ति, पुलिस ने तैयारी की रिंकू सरकार की कुंडली
Sat, 19 Sep 2020 01:30 PM IST
मुकेश कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
Published by: मुकेश कुमार
Updated Sat, 19 Sep 2020 01:30 PM IST
विज्ञापन
सटोरिया रिंकू सरदार
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आगरा में पुलिस ने सटोरिए रिंकू सरकार की कुंडली (डोजियर ) तैयार की है। वह पहले सूदखोर था। अंकुश और संजय कालिया जैसे बड़े सटोरियों को ब्याज पर पैसा देता था। उनके संपर्क में आकर सट्टा खेलने लगा और फिर कराने भी लगा।
विज्ञापन
उसने सूदखोरी और सट्टे से दस करोड़ की काली कमाई अर्जित की और इससे संपत्ति खरीद ली। पुलिस अब गैंगस्टर एक्ट के तहत इस संपत्ति को जब्त कर रही है। पुलिस अब तक उसकी दो करोड़ की संपत्ति जब्त की जा चुकी है।
विज्ञापन
दिसंबर 2019 में कमला नगर निवासी रिंकू सरदार को थाना सिकंदरा पुलिस ने गिरफ्तार किया था। उसके पास से चोरी की बाइक भी बरामद की थी। एसपी सिटी बोत्रे रोहन प्रमोद ने बताया था कि रिंकू सरदार ब्याज पर रकम देने का काम करता था। वह दस प्रतिशत ब्याज लेता था।
विज्ञापन
रिंकू सरदार सबसे ज्यादा सटोरियों को उधारी पर रकम देता था। सटोरिए संजय कालिया ने रकम नहीं लौटाई थी। इसके बाद रिंकू खुद सट्टा कराने लगा। रिंकू की कमला नगर में प्लाट, मकान और दुकान हैं। दो दिन पहले पुलिस प्रशासन ने संपत्ति जब्तीकरण की कार्रवाई की थी। यह अपराध से अर्जित संपत्ति थी।
15 साल पहले नौकरी करता था
पुलिस ने बताया कि रिंकू 15 साल पहले निजी कंपनी में नौकरी करता था। इसके बाद उसने ब्याज का काम शुरू किया और फिर सटोरिया बन गया।
दर्ज हुआ था चौथ मांगने का मुकदमा
27 दिसंबर 2019 को रिंकू के खिलाफ चौथ मांगने के आरोप में मुकदमा दर्ज हुआ था। कमला नगर निवासी जसविंदर कौर ने आरोप लगाया था कि रिंकू से चार साल पहले दो लाख रुपये लिए थे। ब्याज लगाकर 8.80 लाख रुपये वापस कर दिए। इसके बावजूद दो लाख रुपये की मांग कर रहा था। इसके अलावा भी चार मुकदमे रिंकू सरदार पर हैं। दो थाना सिकंदरा में दर्ज हैं।
15 साल पहले नौकरी करता था
पुलिस ने बताया कि रिंकू 15 साल पहले निजी कंपनी में नौकरी करता था। इसके बाद उसने ब्याज का काम शुरू किया और फिर सटोरिया बन गया।
दर्ज हुआ था चौथ मांगने का मुकदमा
27 दिसंबर 2019 को रिंकू के खिलाफ चौथ मांगने के आरोप में मुकदमा दर्ज हुआ था। कमला नगर निवासी जसविंदर कौर ने आरोप लगाया था कि रिंकू से चार साल पहले दो लाख रुपये लिए थे। ब्याज लगाकर 8.80 लाख रुपये वापस कर दिए। इसके बावजूद दो लाख रुपये की मांग कर रहा था। इसके अलावा भी चार मुकदमे रिंकू सरदार पर हैं। दो थाना सिकंदरा में दर्ज हैं।