आगरा में आज से नहीं खुलेंगे धर्मस्थल, जिला प्रशासन के नए आदेश के बाद भक्तों में मायूसी
- 21 सितंबर से शहर के सभी धर्मस्थल खोलने की अनुमित दी गई थी, लेकिन देर शाम समीक्षा बैठक बाद जिला प्रशासन ने नया आदेश जारी कर दिया। इससे भक्तों में मायूसी छा गई।
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ताजनगरी में सोमवार से धर्मस्थल नहीं खुलेंगे। एक अक्टूबर तक पहले की तरह श्रद्धालुओं के लिए सभी धर्मस्थल बंद रहेंगे। शहर में कोरोना मरीज और कंटेंनमेंट जोन की लगातार बढ़ती संख्या के मद्देनजर जिला प्रशासन ने समीक्षा के बाद रविवार को यह निर्णय लिया है। हालांकि ताजमहल और आगरा किला के दरवाजे पर्यटकों के लिए खोल दिए जाएंगे।
जिलाधिकारी प्रभु एन सिंह ने बताया कि शहर में पिछले 10 दिनों से लगातार कोरोना के मरीज बढ़ रहे हैं। शहर में सक्रिय कंटेंनमेंट जोन भी 200 से अधिक हैं। ऐसे में फिलहाल आगामी 10 दिनों के लिए सामूहिक रूप से सभी धार्मिक गतिविधियों पर रोक बरकरार रहेगी। धर्मस्थलों पर नियुक्त पुजारी पूर्व की भांति साफ-सफाई व पूजा-पाठ कर सकेंगे, लेकिन श्रद्धालुओं के दर्शन के लिए आने पर प्रतिबंध रहेगा।
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जिलाधिकारी ने बताया कि एंपोरियम खुले रहेंगे। उनमें खरीदादारी पर कोई रोक नहीं रहेगी। सभी प्रकार की आर्थिक गतिविधियां प्रतिबंध से मुक्त रहेंगी। उन्होंने कहा कि एक अक्टूबर के बाद कोरोना को लेकर स्थिति की समीक्षा की जाएगी। इसके बाद ही धर्मस्थलों को खोलने पर कोई निर्णय किया जाएगा।
भक्तों में मायूसी
कोरोना संक्रमण के चलते बंद चल रहे मंदिरों को 21 सितंबर से खोले जाने की घोषणा की गई थी। सुबह से ही रावली महादेव, कैलाश मंदिर, मन: कामेश्वरनाथ महादेव मंदिर, श्रीराम मंदिर, साईं मंदिर समेत अन्य मंदिरों में श्रद्धालुओं के प्रवेश और दर्शन के लिए मंदिर कमेटियों से जुड़े लोग व्यवस्थाएं करते रहे।
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शाम को जिलाधिकारी ने तेजी से बढ़ रहे संक्रमण के कारण धर्मस्थलों के खोलने पर रोक बरकरार रखने के आदेश किए। सिद्धि विनायक मंदिर के महंत पंडित ज्ञानेश शास्त्री ने बताया कि मंदिरों में सामूहिक पूजा प्रार्थना पर अभी रोक नहीं हटाई गई है। यह निर्णय सबके जीवन को बचाने के उद्देश्य से किया गया है। हम सभी इसका पालन करेंगे।
मन: कामेश्वर मंदिर के महंत योगेश पुरी का कहना है कि जो शासन की गाइड लाइन है उसका पालन किया जाएगा। गुरुद्वारा गुरु का ताल के मुखी संत बाबा प्रीतम सिंह ने कहा कि जिला प्रशासन ने अगर धर्मस्थलों को बंद रखने को जनहित में माना है तो गाइड लाइन का पालन किया जाएगा।
ये गतिविधियां सोमवार से होंगी शुरू
- ताजमहल सहित पुरातत्व स्मारक व उनसे जुड़े कारोबार।
- उच्च शिक्षण संस्थानों में छात्र परामर्श के लिए जा सकेंगे।
- सभी तरह के कौशल विकास प्रशिक्षण केन्द्र में आवाजाही।
- शादी समारोह व अंत्येष्टि में 100 लोग शामिल हो सकेंगे।
- राज्य सरकार की अनलॉक-4 गाइडलाइन यथावत रहेगी।
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