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कानूनगो और लेखपालों की हड़ताल अवैध घोषित की
Updated Thu, 07 Jun 2018 08:37 PM IST
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मथुरा। रजिस्ट्रार कानूनगो और लेखपालों की हड़ताल को डीएम ने अवैध घोषित कर दिया है। डीएम के फैसले के बाद सभी एसडीएम ने दोनों संगठनों को इस आशय की सूचना देते हुए नोटिस जारी कर दिया है।
पिछले करीब 10 दिन से रजिस्ट्रार कानूनगो हड़ताल पर हैं। उन्हें एक सप्ताह से लेखपालों ने भी समर्थन देते हुए कामकाज बंद कर दिया है। इससे जनपद में कानूनगो और लेखपालों से जुड़े सभी कार्य बंद हैं। लोग परेशान हैं। कानूनगो संगठन की मांग एसडीएम मांट रहे वरुण पांडेय और मांट थानाध्यक्ष रमेश चंद्र शर्मा के खिलाफ कार्रवाई को लेकर है।
डीएम सर्वज्ञराम मिश्र ने दोनों संगठनों की इस हड़ताल को अवैध घोषित कर दिया है। एसडीएम स्तर से संबंधित संगठनों को नोटिस भी जारी किए गए हैं। इधर, इसके बावजूद हड़ताल जारी रही। तहसील सदर में धरना की अध्यक्षता विद्याराम ने की। संचालन रमेश चंद्र यादव ने किया। सुदर्शन सहाय, वीरेंद्र सिंह, गजेंद्र सिंह, घमंडी लाल, अशोक चौधरी, योगेंद्र सिंह, चंद्रपाल वार्ष्णेय, मथुरा सिंह, खेमचंद्र शर्मा, श्याम बिहारी तरकर, महेशचंद्र शर्मा, मोहन सिंह सोलंकी ने विचार व्यक्त किए।
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पिछले करीब 10 दिन से रजिस्ट्रार कानूनगो हड़ताल पर हैं। उन्हें एक सप्ताह से लेखपालों ने भी समर्थन देते हुए कामकाज बंद कर दिया है। इससे जनपद में कानूनगो और लेखपालों से जुड़े सभी कार्य बंद हैं। लोग परेशान हैं। कानूनगो संगठन की मांग एसडीएम मांट रहे वरुण पांडेय और मांट थानाध्यक्ष रमेश चंद्र शर्मा के खिलाफ कार्रवाई को लेकर है।
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डीएम सर्वज्ञराम मिश्र ने दोनों संगठनों की इस हड़ताल को अवैध घोषित कर दिया है। एसडीएम स्तर से संबंधित संगठनों को नोटिस भी जारी किए गए हैं। इधर, इसके बावजूद हड़ताल जारी रही। तहसील सदर में धरना की अध्यक्षता विद्याराम ने की। संचालन रमेश चंद्र यादव ने किया। सुदर्शन सहाय, वीरेंद्र सिंह, गजेंद्र सिंह, घमंडी लाल, अशोक चौधरी, योगेंद्र सिंह, चंद्रपाल वार्ष्णेय, मथुरा सिंह, खेमचंद्र शर्मा, श्याम बिहारी तरकर, महेशचंद्र शर्मा, मोहन सिंह सोलंकी ने विचार व्यक्त किए।
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