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दरोगा ने जेल का खौफ दिखाकर ऐंठे चार हजार
Lucknow
Updated Mon, 31 Dec 2012 05:30 AM IST
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लखनऊ। सआदतगंज क्षेत्र में एक दरोगा ने घर लौट रहे युवक को हिरासत में लिया। मारपीट के मामले के वारंट पर जेल भेजने का खौफ दिखाकर धमकाया। इसके बाद सिपाही के माध्यम से लेनदेन की बात चलाई और चार हजार रुपये ऐंठ लिए। पीड़ित युवक ने एसएसपी से शिकायत की है।
मोहल्ला रानीकटरा चौपटिया निवासी नरेंद्र कुमार रस्तोगी ने बताया कि 25 दिसंबर की शाम ड्यूटी खत्म करके बाइक से घर लौट रहा था। चौपटिया चौराहे पर एसआई डीएन सिंह ने एक सिपाही की मदद से उसे रोका। नाम व पता पूछने के बाद पुलिस चौकी कटरा विजन बेग ले गए। वहां बताया कि वर्ष 2008 में मारपीट के एक मामले में उसका वारंट है। नरेंद्र ने कोई सम्मन न मिलने की बात कही तो दरोगा ने उसे जेल भेजने की धमकी देते हुए एक कमरे में बंद कर दिया। थोड़ी देर बाद एक सिपाही को भेजा और लेनदेन करके मामला खत्म कराने की सलाह दी। जेल के खौफ व दरोगा की धमकी से डरे नरेंद्र ने पर्स में रखे 22 सौ रुपये दरोगा को दे दिए। इसके बाद अपने भाई के जरिए एटीएम से दो हजार रुपये निकलवा कर और 18 सौ रुपये सिपाही को थमाए। दरोगा ने एक हजार रुपये और मांगते हुए इस हिदायत पर छोड़ा कि शेष रकम न देने पर गिरफ्तार कर लेगा। किसी तरह पीछा छुड़ाकर निकले नरेंद्र ने अपने रिश्तेदार के घर पनाह ली। अगले दिन सिपाही ने फिर उसके घर दस्तक दी और हजार रुपये का तगादा किया। धमकियों से घबराए नरेंद्र ने रविवार शाम एसएसपी आरके चतुर्वेदी को आपबीती सुनाई। एसएसपी ने कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
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मोहल्ला रानीकटरा चौपटिया निवासी नरेंद्र कुमार रस्तोगी ने बताया कि 25 दिसंबर की शाम ड्यूटी खत्म करके बाइक से घर लौट रहा था। चौपटिया चौराहे पर एसआई डीएन सिंह ने एक सिपाही की मदद से उसे रोका। नाम व पता पूछने के बाद पुलिस चौकी कटरा विजन बेग ले गए। वहां बताया कि वर्ष 2008 में मारपीट के एक मामले में उसका वारंट है। नरेंद्र ने कोई सम्मन न मिलने की बात कही तो दरोगा ने उसे जेल भेजने की धमकी देते हुए एक कमरे में बंद कर दिया। थोड़ी देर बाद एक सिपाही को भेजा और लेनदेन करके मामला खत्म कराने की सलाह दी। जेल के खौफ व दरोगा की धमकी से डरे नरेंद्र ने पर्स में रखे 22 सौ रुपये दरोगा को दे दिए। इसके बाद अपने भाई के जरिए एटीएम से दो हजार रुपये निकलवा कर और 18 सौ रुपये सिपाही को थमाए। दरोगा ने एक हजार रुपये और मांगते हुए इस हिदायत पर छोड़ा कि शेष रकम न देने पर गिरफ्तार कर लेगा। किसी तरह पीछा छुड़ाकर निकले नरेंद्र ने अपने रिश्तेदार के घर पनाह ली। अगले दिन सिपाही ने फिर उसके घर दस्तक दी और हजार रुपये का तगादा किया। धमकियों से घबराए नरेंद्र ने रविवार शाम एसएसपी आरके चतुर्वेदी को आपबीती सुनाई। एसएसपी ने कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
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