Shimla News: कालका-शिमला रेलमार्ग पर 79 दिन के बाद तारादेवी पहुंची ट्रेन, सैलानी उत्साहित
मंगलवार अल सुबह करीब 4:00 बजे कालका से 20 यात्रियों को लेकर ट्रेन रवाना हुई और सुबह 8:55 बजे शिमला के पास तारादेवी रेलवे स्टेशन पर पहुंची।
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विश्व धरोहर कालका-शिमला रेलवे ट्रैक पर तारादेवी स्टेशन तक मंगलवार को 79 दिन बाद ट्रेन पहुंची। 9 जुलाई से शिमला में ट्रेनों का संचालन बंद पड़ा था। सैलानियों सहित स्थानीय लोगों ने ट्रेन चलने से राहत की सांस ली। यात्रियों ने ट्रेन में सफर कर सेल्फी ली और सुंदर नजारे कैमरों में कैद किए। कई सैलानी पहली बार ट्रेन में सफर करने के लिए काफी उत्साहित दिखे। सैलानियों के अनुसार कालका-शिमला रेलमार्ग पर ट्रेन में सफर करना उनका सपना था जो आज पूरा हुआ है। रेलवे विभाग की ओर से मंगलवार को कालका से सोलन तक चल रही दो ट्रेनों को तारादेवी स्टेशन तक चलाया गया।
फिलहाल समरहिल में ब्रिज के निर्माण कार्य के चलते शिमला तक ट्रेन नहीं पहुंच सकी। शिमला स्टेशन तक विभाग की ओर से पहली अक्तूबर तक ट्रेन पहुंचाने की तैयारी है। पहली ट्रेन 04506 कालका से सुबह 4:00 बजे रवाना हुई और सुबह 8:55 बजे तारादेवी स्टेशन पर पहुंची। इसमें करीब 20 यात्री सफर कर शिमला पहुंचे। इसके बाद गाड़ी प्रशिक्षण विभाग ने एक घंटे तक ट्रेन की जांच की। सुबह 9:00 बजे ट्रेन में सफर करने के लिए लोगों की भीड़ जुटनी शुरू हो गई। टिकट काउंटर पर पहले दिन लंबी लाइन लग गई। वापसी में सुबह 11:00 बजे सात डिब्बों की ट्रेन 04505 कालका के लिए रवाना हुई।
इसमें 200 यात्रियों ने सफर किया और शाम 4:15 बजे कालका पहुंची। दूसरी ट्रेन 04516 दोपहर 12:10 बजे कालका से चली और शाम 5:00 बजे तारादेवी पहुंची। वापसी में ट्रेन 04515 शाम 6:40 बजे कालका के लिए रवाना हुई। हरियाणा से शिमला घूमने आए अब्दुल, रेहान, अमन, बबलू, अनमोल, तनिश और कृष सहित 150 स्काउट के विद्यार्थियों ने बताया कि कालका- शिमला धरोहर ट्रेन में सफर करना उनका सपना था। बस के माध्यम से शिमला आए थे। बताया कि वह ट्रेन का संचालन बंद होने से काफी मायूस थे। मंगलवार को वापसी में ट्रेन की आवाजाही शुरू होने से खुशी हो रही हैै। दो घंटे पहले ही ट्रेन लेने के लिए स्टेशन पहुंच गए थे। वह ट्रेन में बैठकर पहाड़ियों और सुंदर नजारे को देखने के लिए काफी उत्साहित दिखे।
ट्रेन में सफर करने से दिखता है सुंदर नजारा
सैलानी शिवम ने बताया कि बस में सफर करने पर इतना सुंदर नजारा नहीं दिखता है। 13 साल से ट्रेन में सफर कर रहे हैं और शिमला के लिए आने पर ट्रेन में ही सफर करते हैं। ट्रेन से सुंदर दृश्य दिखाई देते हैं।
बस के मुकाबले ट्रेन का सफर सस्ता
सैलानी नरेश राहिला ने बताया कि ट्रेन में तारादेवी से कालका तक सफर करने पर मात्र 45 रुपये किराया लगा। बस में सफर करते तो 250 और टैक्सी में 600 रुपये तक चुकाने पड़ते।
पहली बार ट्रेन में बैठने का मिला मौका
देवेंद्र कुमार ने बताया कि धरोहर रेलमार्ग पर ट्रेन में सफर करना उनका सपना था। पहली बार ट्रेन में तारादेवी से कालका तक सफर कर रहे हैं। ट्रेन में बैठकर उनकी अधूरी इच्छा पूरी हुई है।
ट्रेन का संचालन शुरू होने से मिली राहत
सत्यपाल लांबा ने बताया कि लंबे समय बाद ट्रेन चलने से काफी राहत मिली है। बताया कि आज उनके शिविर के अंतिम दिन ट्रेनों की आवाजाही शुरू हुई। सफर करने के लिए राहत मिली।