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अवैध भवन वैध करवाने हैं तो जरूर पढ़ें खबर

Sat, 06 Sep 2014 11:00 PM IST
Updated Sat, 06 Sep 2014 11:00 PM IST
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Town and Country Planning Amendment Ordinance, approved by Governor

हिमाचल सरकार ने प्रदेश के 70 फीसदी तक अवैध भवनों को वैध कराने के लिए आवेदन को 45 दिन का वक्त दिया है। सौ फीसदी अवैध निर्माण करने वालों को राहत नहीं मिली है। राज्यपाल उर्मिला सिंह ने सरकार के नगर और ग्राम योजना संशोधन अध्यादेश प्रस्ताव को शनिवार को मंजूरी दे दी है।

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इसके तत्काल बाद सरकार की ओर से अधिसूचना जारी कर दी गई। हालांकि, आवेदन का निस्तारण अध्यादेश जारी होने की एक साल की अवधि के भीतर किया जाएगा। प्रदेश में 30 हजार से अधिक ऐसे मामले हैं।
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इनके भवन मालिक अपने भवनों को वैध कराने के लिए टीसीपी की वेबसाइट से तत्काल प्रभाव से फार्म डाउन लोड कर सकते हैं। आवेदन के लिए सरकार ने एक हजार रुपये शुल्क का प्रावधान किया है।
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प्रदेश सरकार ने अवैध भवनों को नियमित करने का आखिरी मौका दिया गया है। छह मंजिल वाले भवनों तक को नियमित करने का प्रावधान किया गया है। इतना जरूर है कि सरकारी जमीन पर कब्जा करके भवन निर्माण करने वालों को इस अध्यादेश का लाभ नहीं मिलेगा।

आवेदन के साथ क्या चाहिए

Town and Country Planning Amendment Ordinance, approved by Governor

सभी दिशाओं से भवन का फोटो प्रमाण पत्र, आवेदक का शपथ पत्र, जमीन के कागजात की प्रति, आर्किटेक्ट से भवन का नक्शा प्रमाणित, आवेदन शुल्क एक हजार रुपये, भवन मानचित्र की तीन प्रतियां, संबंधित विभागों की एनओसी, मूल ततीमा की एक प्रति  

आवासीय भवनों को नियमित करने का शुल्क
10 फीसदी तक अनाधिकृत, नियम में पहले से ही प्रावधान 10 से 20 प्रतिशत तक अनाधिकृत 1000 रुपये प्रति वर्ग मीटर की दर से,
20 से 40 प्रतिशत तक अनाधिकृत  2000 रुपये प्रति वर्ग मीटर की दर से, 40 से 60 प्रतिशत तक अनाधिकृत  3000 रुपये प्रति वर्ग मीटर की दर से, 60 से 70 प्रतिशत तक अनाधिकृत  4000 रुपये प्रति वर्ग मीटर की दर से भुगतान करना होगा।  

व्यवसायिक अवैध निर्माण को नियमित कराना सबसे अधिक महंगा होगा। उदाहरण के लिए शिमला के माल रोड पर अगर 70 फीसदी
तक डिवीएशन करके निर्माण किया गया है तो वहां पर 16000 रुपये प्रति वर्ग मीटर की दर से इसे नियमित करने का शुल्क वसूल
किया जाएगा।

शहरी विकास मंत्री सुधीर शर्मा ने कहा कि सरकार ने अवैध निर्माण करने वालों को यह आखिरी मौका दिया है। इसके तहत लोगों को तत्काल आवेदन करने शुरू कर देने चाहिए। इसके बाद सरकार किसी को कोई मौका नहीं देगी।

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