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सर्वेक्षण रिपोर्ट: तंबाकू की गिरफ्त से बाहर हैं हिमाचल के युवा, मिजोरम देश में सभी राज्यों में टॉप पर
Sun, 27 Nov 2022 09:40 PM IST
अरविन्द ठाकुर
एजेंसी, भोपाल
एजेंसी, भोपाल
Published by: अरविन्द ठाकुर
Updated Sun, 27 Nov 2022 09:40 PM IST
सार
मध्य प्रदेश में बच्चे सात साल की उम्र से ही सिगरेट पीना सीख जाते हैं। ये राष्ट्रीय औसत से भी ज्यादा है।
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धुम्रपान
- फोटो : Pixabay
विस्तार
हिमाचल प्रदेश के युवा तंबाकू की गिरफ्त से बाहर हैं। राज्य में देश में सबसे कम 1.1 फीसदी युवा तंबाकू पदार्थों का सेवन करते हैं। इस मामले में मिजोरम देश में सभी राज्यों में टॉप पर है। मिजोरम में 57.9 फीसदी युवा तंबाकू उत्पादों का सेवन करते हैं। वैश्विक युवा तंबाकू सर्वेक्षण की रिपोर्ट में यह सामने आया है।
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वहीं, मध्य प्रदेश में बच्चे सात साल की उम्र से ही सिगरेट पीना सीख जाते हैं। ये राष्ट्रीय औसत से भी ज्यादा है। रिपोर्ट के मुताबिक, राज्य में औसतन सात साल की उम्र में ही लड़कियां सिगरेट पीना सीख जाती हैं। वहीं, देश में इसका औसत देखें तो यह उम्र नौ साल तीन महीने है। राज्यों के मुकाबले मध्य प्रदेश में 3.9 फीसदी युवा तंबाकू उत्पादों का प्रयोग करते हैं।
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लड़कों के मामले में भी हालत चिंताजनक है। रिपोर्ट के मुताबिक, औसतन 8.5 यानी 8 साल में लड़के सिगरेट पीने लगते हैं, जबकि देश में इसकी औसत उम्र 11.5 साल है। रिपोर्ट के मुताबिक, मध्य प्रदेश में 2.10 फीसदी लड़कियां और 2.40 फीसदी लड़के सिगरेट पीते हैं। इनमें सभी की उम्र 13 से 15 साल है।
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इंटरनेशल इंस्टीट्यूट ऑफ पॉपुलेशन साइंसेज मुंबई ने केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के निर्देश पर देश भर में 13 से 15 साल की उम्र के किशोरों पर तंबाकू उत्पादों के उपयोग पर सर्वे किया। साल 2003 से शुरू हुए इस सर्वे की राज्य स्तर पर चौथी रिपोर्ट हाल में सामने आई है।