बीच सत्र में बंद कर दिया कॉलेज, प्रशिक्षु छात्र ठोकरें खाने को मजबूर
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देवस्या बहुतकनीकी महाविद्यालय हमीरपुर पर ताला लगने के बाद यहां पढ़ने वाले प्रशिक्षु छात्र दर-दर की ठोकरें खाने को मजूबर हो गए हैं। जून में बहुतकनीकी कॉलेज की वार्षिक परीक्षाएं शुरू हो रही हैं। महाविद्यालय के प्रशिक्षु छात्र-छात्राओं ने मंगलवार को उपायुक्त डॉ. रिचा वर्मा से मुलाकात कर अपना दुखड़ा सुनाया।
इस महाविद्यालय को 9 फरवरी को बंद किया जा चुका है। इसके चलते बीते तीन महीने से इन प्रशिक्षु छात्रों की कॉलेज में पढ़ाई ठप पड़ी हुई है। इस महाविद्यालय में शिक्षा हासिल करने वाले विद्यार्थियों को किसी दूसरे महाविद्यालय में भी शिफ्ट नहीं किया जा सका है।
इसके चलते बच्चों का भविष्य दांव पर लगा हुआ है। विद्यार्थियों ने प्रदेश सरकार से न्याय की गुहार लगाई है। विद्यार्थियों का कहना है कि इस महाविद्यालय में पढ़ने वाले प्रशिक्षुओं के भविष्य पर जरा भी ध्यान नहीं दिया गया।
प्रशिक्षु छात्राओं बंदू शर्मा, ज्योति राणा, सुषमा, प्रीति, पूजा, कविता, नेहा राणा, प्रिया, मुस्कान राणा और अश्वनी कुमार ने कहा कि इस महाविद्यालय में उन्होंने सिविल इंजीनियरिंग, इलेक्ट्रिकल, इलेक्ट्रानिक्स, मेकेनिकल आदि विभागों में प्रदेशभर के विभिन्न जिलों से करीब डेढ़ सौ से अधिक बच्चों ने दाखिल लिया हुआ है।
फैशन डिजाइनिंग कोर्स भी यहां चल रहा है। कॉलेज में पढ़ने वाले कई विद्यार्थियों के एक और दो सेमेस्टर पूरे हो चुके हैं। अब जून माह में अगले सेमेस्टर की वार्षिक परीक्षाएं शुरू हो रही हैं।
उन्होंने एडमिशन शुल्क और परीक्षा शुल्क भी महाविद्यालय में जमा करवाया हुआ है। लेकिन अब तकनीकी शिक्षा बोर्ड का कहना है कि उनकी परीक्षाएं अगले वर्ष ली जाएंगी। इस वजह से वह परेशान हैं।