धूम्रपान मुक्त होंगे सचिवालय और विश्वविद्यालय : बीके अग्रवाल
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अतिरिक्त मुख्य सचिव स्वास्थ्य बीके अग्रवाल ने कहा कि सचिवालय और विश्वविद्यालय पूरी तरह से धूम्रपान मुक्त किए जाएंगे। इसके लिए विशेष अभियान छेड़ा जाएगा। इससे राज्य के दूसरे संस्थान भी इनका अनुसरण कर सकेंगे।
अतिरिक्त मुख्य सचिव स्वास्थ्य बीके अग्रवाल ने वीरवार को हिमाचल प्रदेश की वैश्विक वयस्क तंबाकू सर्वेक्षण (गैट्स) रिपोर्ट जारी की। गैट्स व्यवस्थित तरीके से वयस्कों में तंबाकू के प्रयोग की निगरानी तथा तंबाकू नियंत्रण के मुख्य घटकों का पता लगाने के लिए एक वैश्विक पैमाना है।
अतिरिक्त मुख्य सचिव ने कहा कि शिमला को देश भर में सबसे पहले तंबाकू मुक्त शहर घोषित किया गया था और बाद में समूचा हिमाचल तंबाकू मुक्त हुआ। उन्होंने कहा कि राज्य में 1.30 लाख लोगों के चालान कर 1.50 करोड़ रुपये की राशि वसूली गई और यह राशि प्रदेश में तंबाकू नियंत्रण कार्यक्रमों पर
खर्च की जा रही है। टाटा सामाजिक विज्ञान संस्थान मुंबई से आए डा. आलोक रंजन ने गैट्स रिपोर्ट पर विस्तृत प्रस्तुति दी। उन्होंने कहा कि तंबाकू हमारे शरीर के प्रत्येक अंग को नुकसान पहुंचाता है।
धुआं युक्त तंबाकू से फेफड़ों के कैंसर का खतरा
धुआं युक्त तंबाकू से फेफड़ों के कैंसर का खतरा रहता है, जबकि अन्य उत्पादों के सेवन में मुंह तथा गले के कैंसर बहुतायत देखने को मिलते हैं। राज्य कार्यक्रम अधिकारी डॉ. गोपाल चौहान ने हिमाचल प्रदेश में तंबाकू नियंत्रण में किए जा रहे कार्यों तथा प्रगति पर विस्तृत प्रस्तुति दी।
उन्होंने कहा कि हमारा लक्ष्य तंबाकू का सेवन करने वालों की संख्या को 10 प्रतिशत से नीचे लाना है। स्वास्थ्य निदेशक डा. बलदेव ठाकुर ने स्वागत किया। हिमाचल प्रदेश वालंटरी स्वास्थ्य संस्था की अध्यक्ष पुष्पा चौहान ने धन्यवाद किया।
निदेशक स्वास्थ्य सुरक्षा मनोज तोमर, मिशन निदेशक राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन नीरज, विभिन्न जिलों के मुख्य चिकित्सा अधिकारी, चिकित्सक, स्वयं सेवी संस्थाओं के प्रतिनिधि उपस्थित थे।