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निजी अस्पताल में इंजेक्शन लगाने के बाद बच्चे की मौत, परिजनों का हंगामा
Tue, 07 Apr 2020 12:56 PM IST
Krishan Singh
अमर उजाला नेटवर्क, गगरेट(ऊना)
अमर उजाला नेटवर्क, गगरेट(ऊना)
Published by: Krishan Singh
Updated Tue, 07 Apr 2020 12:56 PM IST
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हिमाचल के ऊना जिले के भंजाल में सोमवार रात 12 साल के बच्चे की निजी अस्पताल में इंजेक्शन लगाने के बाद मौत हो गई। इससे परिजनों ने अस्पताल में हंगामा कर दिया। अस्पताल प्रशासन पर आरोप लगाया कि गलत इंजेक्शन लगाने से उनके बच्चे की मौत हुई है। रितिक (12) पुत्र राकेश कुमार, गांव भंजाल घर में खेलते हुए गिर गया। इसे इलाज के लिए निजी अस्पताल में ले जाया गया।
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बच्चे को कूल्हे के पास गंभीर चोट लगी थी। चिकित्सक ने उसका ऑपरेशन करने के लिए कहा और इंजेक्शन लगाया। इसी बीच बच्चे की तबीयत और बिगड़ गई और उसे रेफर कर दिया। उसे गगरेट के सरकारी अस्पताल ले जाया गया। अस्पताल पहुंचने के दस मिनट बाद ही बच्चे की मौत हो गई। परिजनों ने बच्चे की मौत के लिए निजी अस्पताल के चिकित्सक पर इलाज में लापरवाही करने का आरोप लगाया कि चिकित्सक ने जो इंजेक्शन लगाया, उसकी वजह से बच्चे की मौत हो गई।
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मृतक बच्चे के परिजन रात को ही निजी चिकित्सक की गिरफ्तारी को लेकर नागरिक अस्पताल गगरेट में हंगामा करते रहे। उधर, पुलिस ने मौके पर पहुंच कर परिजनों को शांत करवाया और शव को कब्जे में लेकर मामले की छानबीन शुरू कर दी। वहीं, थाना प्रभारी गगरेट हरनाम सिंह ने बताया कि बच्चे के शव को कब्जे में लिया है और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पुलिस पूरे मामले की निष्पक्षता से जांच कर रही है।
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