{"_id":"5fb660e39412e40c6d522d4c","slug":"rajan-sushant-targets-himachal-pradesh-government-over-unemployment","type":"story","status":"publish","title_hn":"प्रदेश में लंगड़ी सरकार, लंगड़ा रोजगार: राजन सुशांत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
प्रदेश में लंगड़ी सरकार, लंगड़ा रोजगार: राजन सुशांत
Thu, 19 Nov 2020 05:42 PM IST
अरविन्द ठाकुर
अमर उजाला नेटवर्क, हमीरपुर
अमर उजाला नेटवर्क, हमीरपुर
Published by: अरविन्द ठाकुर
Updated Thu, 19 Nov 2020 05:42 PM IST
विज्ञापन
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हमारी पार्टी, हिमाचल पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. राजश सुशांत ने कहा कि प्रदेश में लंगड़ी सरकार और लंगड़ा रोजगार है। हमीरपुर में पत्रकार वार्ता में सुशांत ने कहा कि प्रदेश के रोजगार कार्यालयों में करीब दस लाख उच्च शिक्षित बेरोजगार पंजीकृत हैं। कोरोना काल में विभिन्न राज्यों से लौटे करीब तीन लाख लोग बेरोजगार हैं। इन्हें आठ माह से जयराम सरकार रोजगार नहीं दे पाई है। प्रदेश के हर कैबिनेट बैठक के बाद बंपर भर्तियों की बात की जा रही है।
विज्ञापन
न जाने सरकार का प्रवक्ता कौन है? इससे लगता है कि मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर को बंपर शब्द का अर्थ नहीं पता। कहा कि एक राज्य में दो विधान नहीं चलेंगे। अगर वर्ष 2003 के बाद सरकारी कर्मचारियों को पुरानी पेंशन नहीं तो वर्ष 2003 के बाद बने एमएलए और मंत्रियों व सांसदों को भी पेंशन नहीं मिलनी चाहिए। पुरानी पेंशन बहाली के लिए सरकार को 24 नवंबर तक अल्टीमेटम दिया है। कर्मचारी दो घंटे की पेन छोड़ हड़ताल करेंगे।
विज्ञापन
इसके बाद उनकी पार्टी 25 नवंबर को इमरजेंसी प्रदेश कार्यकारिणी की बैठक में आगामी रणनीति बनाएगी। नाटियां डालने और हेलीकाप्टर में घूमने वाले मुख्यमंत्री को अब और नहीं घूमने देंगे। सुशांत ने अप्रत्यक्ष तौर पर पूर्व सांसद शांता कुमार पर भी निशाना साधा। कहा कि दो-दो होटलों के मालिक और गुड़िया कांड में पत्र लिखने वाले नेता तक ने पुरानी पेंशन बहाल पर कुछ नहीं किया।
विज्ञापन
सीयू का मुद्दा उठाने के लिए अनुराग ठाकुर को शाबासी देते हैं, लेकिन जयराम ठाकुर कहते हैं कि ऐसे मामले सार्वजनिक मंच पर नहीं उठाने चाहिए। कहा कि ऐसे मामले मंच पर नहीं उठने चाहिए तो प्रदेश में जनमंच कार्यक्रम भी क्यों? पहले सीयू का मुद्दा पालमपुर बनाम हमीरपुर था, लेकिन यह अब मुद्दा हमीरपुर बनाम मंडी हो गया है।
सेना में पेंशन कटौती के विरोध में 26 जनवरी को बड़ा आंदोलन होगा। केंद्र ने इसके लिए प्रस्ताव तैयार कर आम सहमति के लिए सभी राज्यों की सरकारों को भेजा है। जयराम ठाकुर और केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री को नेता नहीं, बल्कि सूबेदार की भूमिका निभाते हुए विरोध करना चाहिए। कहा कि वर्ष 2022 में ईवीएम से चुनाव नहीं होने देंगे, इसका विरोध होगा। हमारी पार्टी, हिमाचल पार्टी प्रदेश की सभी 68 सीटों पर चुनाव लड़ेगी।