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29 की वजाए 15 स्टेशनों पर रुकेगी पठानकोट-पपरोला रेल
Mon, 21 Jan 2019 01:18 PM IST
अरविन्द ठाकुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बैजनाथ (कांगड़ा)
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बैजनाथ (कांगड़ा)
Published by: अरविन्द ठाकुर
Updated Mon, 21 Jan 2019 01:18 PM IST
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- फोटो : डेमो
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पठानकोट से पपरोला तक ट्रेक की स्पीड बढ़ाने के लिए रेलवे बोर्ड कम रेलवे स्टेशन पर ट्रेन को ब्रेक लगाएगा। रेलवे बोर्ड पठानकोट से पपरोला तक निर्धारित 29 स्टेशनों में से 15 बड़े स्टेशनों पर ही ट्रेन को रोकेगा, जबकि अन्य 14 छोटे स्टेशनों पर ट्रेन नहीं रोकी जाएगी।
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पहले चरण में छह में से एक ट्रेन की स्पीड को बढ़ाने के लिए उसके रुकने के स्टेशनों को कम किया जाएगा। ट्रेन कम स्टेशनों पर रुकने के कारण पठानकोट से पपरोला में साढ़े पांच घंटों में अपने सफर को पुरा कर लेगी।
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पठानकोट से पपरोला तक के 142 किलोमीटर लंबे रेलवे ट्रैक पर रेल गाड़ियों की स्पीड बढ़ाने की कवायद रेलवे बोर्ड ने तेज कर दी है। बोर्ड के उच्च अधिकारियों के दौरे के बाद बोर्ड ट्रैक पर फिलहाल एक रुट की ट्रेन को तेज गति प्रदान करने की कोशिश में है।
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पुराने इंजनो और रेलवे ट्रैक के रुट को बदले बिना ट्रेन की स्पीड बढ़ाना संभव नहीं है। इसलिए बोर्ड ने ट्रेन रुकने के स्टेशनों को कम करने की कवायद शुरु कर दी है। पठानकोट-पपरोला रेलवे ट्रैक के मध्य छोटे बड़े कुल 29 स्टेशन हैं।
इतने स्टेशनों पर गाड़ी रुकने के कारण भी समय अधिक लगता है। अधिकारियों की माने तो गाड़ियों को क्रॉसिंग के लिए स्थान न होने के कारण भी गाड़ियां देरी से अपने गंतव्य तक पहुंचती हैं।
पालमपुर (मारंडा) के मध्य पड़ने वाले परोर रेलवे स्टेशन, नगरोटा बगवां और कांगड़ा मंदिर के मध्य समलोटी रेलवे स्टेशन और ज्वाली और तराड़ के मध्य भरमाड़ रेलवे स्टेशन पर गाड़ियों की क्रॉसिंग की सुविधा होने से सभी गाड़ियों का कम से कम एक घंटे का समय आसानी से बच सकता है। तीन स्थानों पर क्रॉसिंग का निर्माण गाड़ियों के समय में तेजी लाने में सहायक हो सकता है।