मंदिर में जड़ी-बूटी से बनी सुरा पीने से एक की मौत, 9 गंभीर
- शिवरात्रि की पूर्व संध्या पर भंडारे के बाद कई लोगों ने पीया था नशीला पेय
- गंभीर हालत में तीन आईजीएमसी शिमला रेफर, छह कुल्लू अस्पताल में भर्ती
- कुल्लू के बाशिंग की घटना, देवताओं को चढ़ाई जाती है बूटियों से बनी सुरा
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शिवरात्रि की पूर्व संध्या पर हिमाचल के कुल्लू जिले के बाशिंग स्थित बाबा बालक नाथ मंदिर में अनाज और जड़ी-बूटियों से बना नशीला पेय ‘सुरा’ (देवभोग) पीने से एक व्यक्ति की मौत हो गई है, जबकि नौ लोगों की हालत गंभीर बनी हुई है। सुरा पीने वाले सभी लोग बेहोशी की हालत में हैं। नौ लोगों को सोमवार सुबह क्षेत्रीय अस्पताल कुल्लू में भर्ती कराया गया। इनमें से तीन को गंभीर हालत में आईजीएमसी शिमला रेफर किया गया है।
मंदिर में रविवार को शिवरात्रि से एक दिन पहले हारियानों की ओर से भंडारा लगाया था। कुछ लोगों ने शाम के समय प्रसाद के रूप में सुरा पी ली और रात को उनकी तबीयत खराब हो गई। बता दें कि धार्मिक आयोजनों में अनाज और जड़ी-बूटी से बनी ‘सुरा’ का कुल्लू के अधिकतर मंदिरों में भोग लगाया जाता है। इसके बाद इसे लोगों को परोसा जाता है। एएसपी कुल्लू निश्चिंत सिंह नेगी ने बताया कि मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है।
प्रसाद के रूप में ग्रहण करते हैं सुरा
पुलिस के मुताबिक बाशिंग में बाबा बालक नाथ मंदिर में रविवार को भंडारे का आयोजन किया गया था। भंडारे के बाद सुरा का दौर चला। इसे पीने के बाद रात को ही दस लोगों की तबीयत खराब हो गई। सभी को सोमवार सुबह बेहोशी की हालत में क्षेत्रीय अस्पताल पहुंचाया गया। अस्पताल पहुंचाते ही जीवन लाल निवासी बारीतूनी ने दम तोड़ दिया, जबकि अन्य नौ अन्य अस्पताल में भर्ती हैं।
प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर हालत के चलते तीन लोगों को डॉक्टरों ने आईजीएमसी शिमला रेफर कर दिया है। पुलिस के अनुसार सुरा पीने से जीवन लाल की मौत हो गई है। मीनू राम नंगाबाग, ज्ञान चंद देवधार, प्रकाश चंद, विनोद, राकेश और तेज राम बाशिंग कुल्लू अस्पताल में हैं, जबकि कालू राम, पन्ने लाल और रियोनी को आईजीएमसी रेफर किया गया है।
कारकूनों के मुताबिक सुरा पहले देवता को देवभोग के रूप में चढ़ाई जाती है। इसके बाद श्रद्धालु प्रसाद के रूप में ग्रहण करते हैं। इसमें जड़ी-बूटियों के अलावा जौ और कोदरे का आटा मिलाया जाता है। धार्मिक समारोहों में सुरा को मंदिरों में श्रद्धालुओं को प्रसाद के रूप में परोसा जाता है।