चार साल की रिटर्न एक साथ भरने पर कांग्रेस ने रामस्वरूप को घेरा
मंडी से भाजपा प्रत्याशी रामस्वरूप शर्मा की ओर से चार साल की रिटर्न एक साथ भरने के मामले को कांग्रेस मुद्दा बनाने में जुट गई है। कांग्रेस का आरोप है कि आचार संहिता के दौरान तीन दिन के भीतर चार साल का रिटर्न भरने की आयकर विभाग ने छूट दी है।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कुलदीप सिंह राठौर ने कहा कि वह इस मसले को चुनाव आयोग के समक्ष उठाएंगे। इस बारे में कानूनी राय भी ली जा रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार के दबाव में आयकर आयुक्त ने ऐसा किया है।
राठौर ने बुधवार को पार्टी मुख्यालय राजीव भवन में पत्रकारों से कहा कि किसी भी व्यक्ति या सांसद की ओर से तीन साल के आयकर रिटर्न दाखिल नहीं करना कानून की अवहेलना है।
रामस्वरूप के आयकर विभाग को दिए हलफनामे में इस देरी का कारण जनसेवक होने के नाते अधिक व्यस्तता की बात कही गई है। राठौर ने कहा कि यह गैर जिम्मेदाराना कारण है। राठौर ने कहा कि कांग्रेस इसके खिलाफ कानूनी राय के बाद अगला कदम उठाएगी।
नियमों के तहत हुई है रिर्टन फाइल : सीएम
कांग्रेस नेता आनंद शर्मा पर की व्यक्तिगत टिप्पणी पर राठौर ने सीएम जयराम ठाकुर से कहा है कि उन्हें प्रदेश के मुख्यमंत्री होने के नाते अपनी भाषा और वाणी पर संयम रखना चाहिए। आनंद शर्मा ने भाजपा और उनके नेताओं से जो सवाल पूछे हैं, उन्हें उसका जवाब देना चाहिए।
रामस्वरूप शर्मा की ओर से पिछले चार साल का आयकर रिटर्न तीन दिन में एक साथ भरने के कांग्रेस के आरोप पर मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने कहा कि इनकम टैक्स सरकार के अंतर्गत नहीं आता है।
रिटर्न में अगर कोई त्रुटि रहती है या कमी रहती है, तो उसके लिए कानून में प्रोविजन हैं। सीएम ने पत्रकारों से कहा कि रामस्वरूप शर्मा ने प्रोविजन के तहत रिटर्न फाइल की है। मुझे लगता है उसमें किसी को कोई आपत्ति नहीं होनी चाहिए। उसमें आज की तारीख में सारी औपचारिकताएं पूर्ण हैं।