फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Shimla News ›   inquiry on private bus route in himachal.

प्राइवेट बसों के रूटों में घालमेल, मंत्री ने बिठाई जांच

Thu, 11 Feb 2016 11:05 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, शिमला
ब्यूरो/अमर उजाला, शिमला Updated Thu, 11 Feb 2016 11:05 AM IST
विज्ञापन
inquiry on private bus route in himachal.

आरटीओ आफिस शिमला की ओर से प्राइवेट बसों को जारी किए रूट परमिटों में घालमेल के आरोपों के बाद परिवहन विभाग ने जांच के आदेश दे दिए हैं। परिवहन मंत्री जीएस बाली को दी गई लिखित शिकायत के बाद परिवहन विभाग ने पूरे प्रकरण की जांच के आदेश दिए हैं।

विज्ञापन


आरटीओ आफिस पर सरकार की परिवहन नीति को दरकिनार कर प्रभावशाली लोगों को मनमर्जी से रूट परमिट देने के आरोप लगे हैं। परिवहन मंत्री को दी गई लिखित शिकायत में कहा गया है कि शिमला आरटीओ आफिस ने एचआरटीसी बसों के आगे प्राइवेट बसों को टाइम टेबल जारी कर दिए हैं, जिससे एचआरटीसी को भारी वित्तीय नुकसान उठाना पड़ रहा है।
विज्ञापन


परिवहन मंत्री के आदेश हैं कि प्राइवेट बसों को रूट परमिट और टाइम टेबल जारी करने से पहले अनिवार्य रूप से एचआरटीसी से एनओसी लिया जाए। बावजूद इसके एचआरटीसी से एनओसी लेने की जहमत नहीं उठाई जा रही। परिवहन मंत्री के अलावा निदेशक परिवहन विभाग और प्रबंध निदेशक एचआरटीसी को भी शिकायत की है। अब इस मामले की सच्चाई जांच के बाद ही सामने आएगी। लेकिन शिकायत आने के बाद रूट परमिटों का यह मामला गरमा उठा है।
विज्ञापन
विज्ञापन


पूरे मामले की होगी जांच : निदेशक
रूट परमिट को लेकर गड़बड़ी की शिकायत परिवहन मंत्री को की है। शिकायत की कापी मुझे भी मिली है। पूरे मामले की निष्पक्ष जांच के आदेश दिए गए हैं।- प्रियतु मंडल निदेशक, परिवहन विभाग

आरएम के पास दर्ज कराएं आपत्तियां
सभी क्षेत्रीय प्रबंधकों को रूट परमिट और टाइम टेबल से संबंधित आपत्तियां परिवहन विभाग में दर्ज करवाने के निर्देश दिए हैं। निगम मुख्यालय की ओर से भी परिवहन विभाग के समक्ष यह मामला उठाया जाएगा।- रामकुमार गौतम कार्यकारी निदेशक, एचआरटीसी

आरटीओ के समर्थन में उतरी ऑपरेटर यूनियन
शिमला प्राइवेट बस ऑपरेटर यूनियन आरटीओ आफिस के समर्थन में उतर आई है। यूनियन के महासचिव अमित चड्ढा ने कहा कि आरटीओ आफिस ने न्यायालय की ओर से जारी आदेशों के दायरे में ही बसों को रूट परमिट जारी किए हैं। एचआरटीसी की कर्मचारी यूनियनें अपने स्वार्थ के लिए विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठा रही हैं।


अमित चड्ढा का कहना है कि न्यायालय ने राजधानी में छोटी बसें चलाने के आदेश दिए हैं जबकि एचआरटीसी आदेशों का उल्लंघन कर बड़ी बसें चला रहा है। प्राइवेट बस आपरेटर यूनियन ने एचआरटीसी प्रबंधन पर बसों के टाइम टेबल की अनदेखी का भी आरोप लगाया है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed