निजी बीएड कॉलेजों में फीस बढ़ोतरी पर दो माह में लें फैसला: हाईकोर्ट
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निजी बीएड कॉलेजों में फीस बढ़ोतरी का फैसला शिक्षा सचिव की अध्यक्षता में गठित कमेटी ही करेगी। मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत और न्यायाधीश अजय मोहन गोयल की खंडपीठ ने निजी बीएड कॉलेज एसोसिएशन की याचिका का निपटारा करते कमेटी को फीस बढ़ोतरी संबंधी फैसला दो माह के भीतर लेने के आदेश दिए। निजी बीएड कॉलेज संघ ने याचिका दायर कर शिक्षा सचिव की अध्यक्षता में गठित कमेटी की सिफारिशों और निर्णयों के अनुरूप फीस ढांचा लागू करने की मांग की थी। संघ का कहना था कि फीस वर्ष 2012 में शिक्षा सचिव की अध्यक्षता में गठित कमेटी की सिफारिशों और निर्णयों पर आधारित होनी चाहिए न कि उसकी जगह बनाई कनिष्ठ स्तर के अधिकारियों और कर्मियों की कमेटी वाली सिफारिशों पर।
कोर्ट के ये भी निर्देश
कोर्ट ने माना कि 2012 में हाईकोर्ट के आदेशानुसार अनुभवी अधिकारियों की कमेटी बनाई गई थी। कोर्ट ने संघ की मांग को स्वीकारते हुए कहा कि यह कमेटी निष्पक्ष, व्यावहारिक और उचित फीस का निर्धारण करने में सक्षम है।
कोर्ट ने शिक्षा सचिव को आदेश दिए कि वह कमेटी की मीटिंग बुलाए और संघ के अध्यक्ष सहित छात्रों के हितों में गठित पीटीए कमेटी का पक्ष सुने और उसके बाद निष्पक्ष और उचित फीस ढांचा तैयार करे।
कोर्ट ने यह निर्देश दिए हैं कि नया फीस ढांचा ऐसा भी न हो कि गरीब, मध्यवर्गीय और सीमांत वर्ग के छात्रों पर वित्तीय बोझ पड़े और ऐसा भी न हो कि वित्तीय संकट के कारण प्रबंधकों को निजी बीएड कॉलेज ही बंद करने पड़ें।