फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   himachali dham food serving on bauhinia vahlii Taur Leaf Plates in Himachal Pradesh and Delhi hotels

पर्यावरण संरक्षण: हिमाचल और दिल्ली के होटलों में टौर की पत्तलों पर परोसेंगे भोजन

Mon, 12 Apr 2021 10:51 AM IST
अरविन्द ठाकुर अमर उजाला नेटवर्क, सुंदरनगर(मंडी)
अमर उजाला नेटवर्क, सुंदरनगर(मंडी) Published by: अरविन्द ठाकुर Updated Mon, 12 Apr 2021 10:51 AM IST
सार

  • पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए स्वयं सहायता समूहों के तहत महिलाओं के लिए लगेंगी मशीनें 
  • वन विभाग जाईका प्रोजेक्ट के तहत करवाएगा कार्य, प्रथम चरण में मंडी के बणीधार और गमोहू क्षेत्र चयनित
  • होटलों में पत्तलों और डोने को बेचने के लिए एजेंसियों से की जाएगी बात, एक माह में 20 हजार पत्तलें होंगी तैयार 

विज्ञापन
himachali dham food serving on bauhinia vahlii Taur Leaf Plates in Himachal Pradesh and Delhi hotels
मशीन असेंबल करने बाद टौर के पत्तल बनाने का ट्रायल करते हुए। - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

हिमाचली धाम का खाना परोसने के लिए इस्तेमाल लाई जाने वाली टौर की हरी पत्तल अब पर्यावरण संरक्षण में भी अहम भूमिका निभाएगी। ये पत्तलें अब बड़े होटलों में प्लेट की जगह लेंगी। इसकी शुरुआत दिल्ली और हिमाचल प्रदेश के होटलों से होगी। होटलों में ग्राहकों को भोजन अब प्लेट के स्थान पर इन पत्तलों पर परोसा जाएगा। पत्तलें तैयार करने वाली स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं के लिए यह रोजगार का साधन होगा। वन विभाग जाईका प्रोजेक्ट के तहत मशीनों से पत्तलें तैयार करवाएगा। पहले चरण में मंडी के बणीधार और गमोहू क्षेत्र चयनित किए गए हैं। 

विज्ञापन


महिलाएं पहले चरण में दो मशीनों से एक माह में तकरीबन 10-10 हजार पत्तलें तैयार करेंगी। ऑर्डर मिलने पर पत्तलों के साथ कटोरी की शक्ल के डोने भी बनाए जाएंगे। इससे महिलाओं की आर्थिकी सुदृढ़ होगी और कार्य में बढ़ोतरी होने पर यह अन्य ग्रामीण महिलाओं के लिए भी रोजगार मिलेगा।
विज्ञापन


अभी तक महिलाएं अपने स्तर पर सुंदरनगर उपमंडल की ध्वाल पंचायत में करीब 500 हेक्टेयर में फैले टौर के जंगल से पत्ते लाती हैं, जबकि मंडी में पंडोह के ऊपरी क्षेत्र के करीब 300 हेक्टेयर के जंगल से भी पत्ते लाए जाते हैं। कार्य बढ़ने पर पत्ते एकत्रित कर लाने का काम गांव की महिलाओं को सौंपा जाएगा। विभाग महिलाओं को मशीन से पत्तलों को उनके आकार में ढालने के लिए प्रशिक्षित करेगा।
विज्ञापन
विज्ञापन


गमोहू व बणीधार में लगेंगी पत्तल मेकिंग मशीनें
वन विभाग जाईका प्रोजेक्ट के तहत पत्तलें बनाने के लिए कांगू वन परिक्षेत्र के गमोहू और मंडी के बणीधार में पत्तल बनाने वाली मशीनें स्थापित करेगा। इन दोनों स्थानों पर 20-20 की संख्या के स्वयं सहायता समूहों की महिलाएं यह कार्य करेंगी।  पत्तलें पहले हाथ से तैयार होंगी, इसके बाद उन्हें मशीन में आकार दिया जाएगा।


एजेंसियों के माध्यम से होटलों में बिकेगी पत्तल
डीएफओ, सुकेत वन मंडल सुंदरनगर सुभाष पराशर ने बताया कि वन विभाग इन पत्तलों को दिल्ली और हिमाचल के बड़े होटलों में बेचने के लिए विभिन्न एजेंसियों से बात कर रहा है। बात पूरी होने पर संबंधित होटल पत्तल की पूरी जांच करने के बाद ही ऑर्डर जारी करेगा।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed