Himachal Weather: अटल टनल रोहतांग-भरमौर में बर्फबारी, कुल्लू में अंधड़ से उड़ीं अस्थायी दुकानों की छतें
जनजातीय क्षेत्र भरमौर स्थित भरमाणी माता मंदिर क्षेत्र में हल्की बर्फबारी हुई। उधर, कुल्लू जिला मुख्यालय स्थित ढालपुर की अस्थायी मार्केट में अंधड़ ने व्यापारियों को परेशान किया।
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मई की दस्तक के बाद भी हिमाचल प्रदेश के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में लोगों को ठंड से निजात नहीं मिल रही। उच्च पर्वतीय क्षेत्रों में बर्फबारी का दौर जारी है। केलांग का न्यूनतम तापमान अभी भी माइनस में चल रहा है। बुधवार दोपहर को जनजातीय क्षेत्र भरमौर स्थित भरमाणी माता मंदिर क्षेत्र में हल्की बर्फबारी हुई। एकाएक मौसम में हुए बदलाव के चलते लोग भी अचरज में हैं। ग्रामीणों ने बताया कि बर्फबारी होने से पूरा क्षेत्र शीतलहर की चपेट में है। जनजातीय क्षेत्र भरमौर की ऊपरी चोटियों में हल्की बर्फबारी हुई हुई। अटल टनल रोहतांग के नॉर्थ पोर्टल पर भी बर्फबारी शुरू हो गई है। लोगों को आपातकालीन स्थिति को छोड़कर अनावश्यक रूप से यात्रा नहीं करने की सलाह दी गई है।
जानें मौसम पूर्वानुमान
मौसम विज्ञान केंद्र शिमला ने आज भी कुछ क्षेत्रों में बारिश की संभावना जताई है। उच्च पर्वतीय भागों में बर्फबारी के आसार हैं। हालांकि शिमला में मौसम साफ बना हुआ है। 2 मई को पूरे प्रदेश में मौसम साफ रहने के आसार हैं। वहीं 3 मई की रात से एक ताजा पश्चिमी विक्षोभ पश्चिमी सक्रिय होने की संभावना है। इसके प्रभाव से 4 व 5 मई को कई भागों में बारिश का पूर्वानुमान है। 6 व 7 मई को भी उच्च पर्वतीय कुछ भागों में मौसम खराब बना रह सकता है।
किन्नौर के ऊंचे इलाकों में बर्फबारी, करोड़ों के सेब पर मंडरा खतरा
मौसम के बिगड़े मिजाज के बाद किन्नौर जिले में सेब की करोड़ों की फसल पर खतरा मंडराना शुरू हो गया है। जिले में बुधवार दोपहर बाद अचानक मौसम ने करवट बदली और ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी का दौर शुरू हुआ। हिमपात होने से जिले के बागवानों की धुकधुकी बढ़ गई है और नकदी फसलें प्रभावित होने का डर सताने लगा है। गौर हो कि इन दिनों जिले के निचले और मध्यम ऊंचाई वाले इलाकों में सेब की फ्लावारिंग का दौर शुरू हो चुका है। ऐसे में सेब की अच्छी फसल के लिए तापमान का अनुकूल होना अति आवश्यक है। तापमान सामान्य रहने की स्थिति में ही फूलों की बेहतर सेटिंग होती है और अच्छी फसल का उत्पादन होता है, लेकिन शुरुआती स्टेज में ही ऊंचे क्षेत्रों में हिमपात होने से बागवानों के माथे पर चिंता की लकीरें हैं।
न्यूनतम तापमान
शिमला में न्यूनतम तापमान 10.0, सुंदरनगर 10.1, भुंतर 10.4, कल्पा 4.8, धर्मशाला 11.2, ऊना 12.6 नाहन 15.9, केलांग -1.8, पालमपुर 11.0, सोलन 10.2, मनाली 7.2, कांगड़ा 14.5, मंडी 11.3, बिलासपुर 12.8, हमीरपुर 13.7, डलहौजी 4.5, जुब्बड़हट्टी 12.4, कुफरी 7.8, कुकुमसेरी 2.9, नारकंडा 5.9, रिकांगपिओ 9.2, धौलाकुआं 15.0, बरठीं 11.1, कसौली 11.6, पांवटा साहिब 22.0, सराहन 8.5 और देहरागोपीपुर में 14.0 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है।
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