हिमाचल में बिगड़ा मौसम: किन्नौर, कुफरी, मनाली और नौहराधार में ताजा बर्फबारी; शीतलहर बढ़ी
प्रदेश के किन्नौर जिले के उच्च पर्वतीय क्षेत्रों में मौसम ने फिर करवट बदली है। जिले के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में शुक्रवार रात से शनिवार सुबह तक बर्फबारी दर्ज की गई है।
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हिमाचल प्रदेश के कई पर्वतीय क्षेत्रों में मौसम ने फिर करवट बदली है। किन्नौर के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में शनिवार को करीब 12 सेंटीमीटर तक ताजा हिमपात दर्ज किया गया है। पारा गिरने से समूचा क्षेत्र शीतलहर की चपेट में आ गया है। शनिवार को सांगला, छितकुल, रक्षम, हांगो, चुलिंग, कुन्नोचारंग, नेसंग, लिप्पा, आसरंग सहित अधिकांश ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी हुई। जिले के निचले क्षेत्रों में बारिश हुई। वहीं शुक्रवार को हुई बर्फबारी से किन्नौर जिले के छितकुल, आसरंग, हांगो, नेसंग, कुन्नोचारंग रूटों पर निगम की बसों की आवाजाही नहीं हो पाई। उल्लेखनीय है कि बीते वर्षों की अपेक्षा इस वर्ष जिले में कम बर्फबारी हुई है। इन दिनों हो रही बर्फबारी से जिले के किसानों-बागवानों ने राहत की सांस ली है। उधर, परिवहन निगम रिकांगपिओ के अड्डा प्रभारी सुमन नेगी ने बताया कि बर्फबारी और फिसलन के कारण पांच ग्रामीण रूटों पर बसों को नहीं भेजा गया। उन्होंने बताया कि स्थिति सामान्य होते ही बसों की आवाजाही शुरू कर दी जाएगी।
फागू-कुफरी में भी शनिवार शाम को ताजा बर्फबारी हुई है। इसके अलावा संजौली-ढली व जाखू मंदिर की चोटी पर भी है। उधर, बीते दिनों हुई बर्फबारी से राज्य में 100 से अधिक सड़कें अभी भी ठप पड़ी हैं। राजधानी शिमला व आसपास भागों में आज धूप खिलने के साथ हल्के बादल छाए हुए हैं। शीतलहर के चलते ठिठुरन बढ़ गई है। अटल टनल और जलोड़ी दर्रा होकर बस सेवा के लिए अभी इंतजार करना होगा। अटल टनल के दोनों छोर से केलांग-मनाली व कुल्लू के लिए अभी सड़कें बहाल नहीं हुईं हैं। जलोड़ी दर्रा होकर 25 दिनों से बसें नहीं चल रहीं। दोनों हाईवे पर 11 बस रूट हैं।
पर्यटन स्थल मनाली में फिर बर्फबारी, बर्फ के फाहे गिरते देख सैलानी झूमे
हिमाचल प्रदेश के प्रसिद्ध पर्यटन स्थल मनाली में शनिवार शाम को फिर से बर्फबारी का दौर शुरू हो गया। मनाली के मालरोड़ पर पर्यटकों ने बर्फ के फाहों का खूब आंनद लिया। आसमान से बर्फ के फाहे गिरते देख सैलानी खुशी में झूम उठे। बर्फबारी को देखते हुए सोलंगनला की ओर गए पर्यटक वाहनों को भी वापस मनाली भेजा जा रहा है।
नौहराधार में सीजन का तीसरा हिमपात
सिरमौर व शिमला जिलों की करीब 12 हजार फुट ऊंची चोटी व प्रदेश के प्रसिद्ध आराध्य देव शिरगुल महाराज की तपोस्थली चूड़धार में शनिवार दोपहर बाद बर्फबारी शुरू हुई। वहीं नौहराधार, हरिपुरधार में भी बर्फबारी शुरू हुई। यह इस सीजन का तीसरा हिमपात है। ताजा हिमपात से नौहराधार समेत साथ लगती पहाड़ियां सफेद हो गई हैं। नौहराधार, चूड़धार की चोटी में सोमवार सुबह की शुरुआत धूप खिलने से हुई, लेकिन दोपहर बाद अचानक मौसम बदला और बर्फबारी शुरू हो गई। बर्फबारी से ठिठुरन बढ़ गई है। उधर, फरवरी माह के अंत में हुए इस हिमपात के चलते जहां किसानों-बागवानों के चेहरे खिले हैं तो वहीं सूखने लगे प्राकृतिक जलस्त्रोतों को भी संजीवनी मिली है। हरिपुरधार क्षेत्र में पर्यटकों के लिए भी यह बर्फबारी आकर्षण का केंद्र बनी है।
जानें 1 मार्च तक कैसा रहेगा मौसम
मौसम विज्ञान केंद्र शिमला के अनुसार राज्य के कई भागों में 1 मार्च तक बारिश-बर्फबारी का सिलसिला जारी रहने की संभावना है। एक ताजा पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता से 26, 27, 29 फरवरी और 1 मार्च को राज्य के मध्य व उच्च कई स्थानों पर बारिश-बर्फबारी के आसार हैं। इस दौरान मैदानी क्षेत्रों में बारिश की संभावना है। कुछ स्थानों पर अंधड़ चलने व बिजली चमकने का येलो अलर्ट भी जारी हुआ है।
शिमला में शून्य तक गिरा न्यूनतम तापमान
शिमला में न्यूनतम तापमान 0.0, सुंदरनगर 3.1, भुंतर 2.9, कल्पा -3.8, धर्मशाला 5.2, ऊना 4.2, नाहन 7.0, पालमपुर 2.7, सोलन 1.4, मनाली 1.6, कांगड़ा 5.7, मंडी 4.3, बिलासपुर 4.5, चंबा 5.8, डलहौजी 1.2 , जुब्बड़हट्टी 2.3, कुफरी -2.2, कुकुमसेरी -12.8, नारकंडा -3.8, भरमौर -0.5, रिकांगपिओ -0.8, धौलाकुआं 4.7, बरठीं 2.6, पांवटा साहिब 10.0 और सराहन में 0.0 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है।