हिमाचल विधानसभा सत्र: आउटसोर्स कर्मियों को नियमित करने की नीति बनाने का कोई प्रस्ताव नहीं, सीएम ने दी जानकारी
आउटसोर्स कर्मचारियों को नियमित करने के लिए सरकार की ओर से कोई भी नीति बनाने का प्रस्ताव विचाराधीन नहीं है।
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हिमाचल प्रदेश में आउटसोर्स कर्मचारियों को नियमित करने के लिए सरकार की ओर से कोई भी नीति बनाने का प्रस्ताव विचाराधीन नहीं है। झंडूता के विधायक जीत राम कटवाल के सवाल का लिखित जवाब देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि फिलहाल आउटसोर्स कर्मचारियों को नियमित करने के लिए किसी भी तरह की नीति पर विचार नहीं हो रहा है। पिछले तीन वर्षों के दौरान 31 जुलाई 2025 तक प्रदेश के विभिन्न विभागों और अधीनस्थ कार्यालयों में आउटसोर्स आधार पर कई पद भरे गए हैं। इनमें 49 तकनीकी पद, 61 गैर-तकनीकी पद और अन्य श्रेणियों के 110 पद शामिल हैं।
प्रदेश में करूणामूलक नौकरियों के 1,609 मामले लंबित
शिमला। प्रदेश में करूणामूलक नौकरियों के 1,609 मामले लंबित हैं। भाजपा विधायक जीत राम कटवाल, विपिन सिंह परमार और पवन कुमार काजल की ओर से पूछे गए सवालों का मुख्यमंत्री ने लिखित जवाब देते हुए बताया कि बीते तीन वर्ष में 544 मामले जल शक्ति विभाग, 264 लोक निर्माण विभाग, 172 उच्च शिक्षा, 146 गृह विभाग में और 89 प्राथमिक शिक्षा विभाग में लंबित हैं। 30 नवंबर 2023 तक कुल 180 नियुक्तियां की गईं। इनमें से सबसे ज्यादा 108 नियुक्तियां जल शक्ति विभाग और 48 लोकनिर्माण विभाग में दी गईं।
बोर्ड-निगमों में 417 पद खत्म, बिजली बोर्ड में 10 हजार से ज्यादा पद खाली
शिमला। धर्मशाला के विधायक सुधीर शर्मा के सवाल के लिखित जवाब में मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश के बोर्डों और निगमों में से तीन में 417 पद समाप्त किए गए हैं। इनमें नगर निगम शिमला में 52, औद्योगिक विकास निगम लिमिटेड में 28 और राज्य विद्युत बोर्ड में 337 पद खत्म किए गए। बिजली बोर्ड में कुल 24,866 पद स्वीकृत हैं, जिनमें से 10,375 पद खाली पड़े हैं। युक्तिकरण की प्रक्रिया के बाद 337 पदों को समाप्त किया गया है।
11,577 मल्टी टास्क वर्कर कार्यरत, नियमितीकरण के लिए नीति नहीं
शिमला। नाचन के विधायक विनोद कुमार के सवाल के लिखित जवाब में मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश के विभिन्न विभागों में कुल 11,577 मल्टी टास्क वर्कर कार्यरत हैं। इनमें सबसे ज्यादा 6,745 शिक्षा निदेशालय, 4,831 लोक निर्माण विभाग और एक खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग में कार्यरत है। मल्टी टास्क वर्करों को नियमित करने के लिए कोई एकल नीति अभी तक निर्धारित नहीं की गई है।