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टेढ़ी-मेढ़ी नहीं रहेंगी प्रदेश की सड़कें, टनल-पुल बनाकर आसान होगा सफर
Mon, 21 Oct 2019 12:20 PM IST
अरविन्द ठाकुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला
Published by: अरविन्द ठाकुर
Updated Mon, 21 Oct 2019 12:20 PM IST
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प्रदेश की टेढ़ी मेढ़ी सड़कों को सीधा कर शहरों की दूरी कम करने के लिए प्रदेश का लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) नई कवायद शुरू करने जा रहा है। शासन के निर्देश पर विभाग अपने अधीन आने वाली प्रदेश की सभी सड़कों का ऑडिट करेगा और उन्हें सीधा करने के लिए एक विस्तृत प्रोजेक्ट रिपोर्ट तैयार करेगा। इस रिपोर्ट के आधार पर सड़कों की स्थिति सुधारने के लिए जरूरत के अनुसार टनल, चौड़ीकरण या पुल बनाया जाएगा। इस काम के लिए डीपीआर बनाकर केंद्र को भेजी जाएगी, ताकि वित्तीय मदद मिलने पर इसे पूरा किया जा सके।
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दरअसल, प्रदेश के एक शहर से दूसरे शहर जाने के दौरान टेढ़ी-मेढ़ी सड़कों की वजह से घंटों लग जाते हैं। लाइफ लाइन कही जाने वाली इन सड़कों की ऐसी स्थिति से पर्यटक दूसरे शहरों या दूरदराज के इलाकों तक जाने से भी कतराते हैं। इसी परेशानी को दूर करने और पर्यटकों व आम लोगों की सुविधा के लिए अब पीडब्ल्यूडी इस पर काम करने जा रहा है। प्रमुख सचिव पीडब्ल्यूडी जगदीश चंद शर्मा ने इसी थीम पर अब सभी इंजीनियरों को सड़कें सीधा करने के लिए प्रोजेक्ट रिपोर्ट तैयार करने को कहा है। हर सड़क का ऑडिट कर इस बात की संभावना तलाशी जाएगी कि कैसे घुमाव कम कर दूरी कम की जाए।
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प्रमुख सचिव ने कहा कि कई ऐसी सड़कें हैं, जिन पर अगर टनल या पुल बना दिया जाए तो दो शहरों के बीच की दूरी कम हो जाएगी। इससे न सिर्फ सफर आसान होगा, बल्कि पर्यटन के नजरिये से भी फायदा होगा। यही नहीं, टनल या पुल बनने पर एक बार खर्च जरूर आएगा, लेकिन लंबे समय के लिए सड़कों को लेकर कुछ हालात सुधरेंगे। शर्मा ने कहा कि प्रोजेक्ट रिपोर्ट बनाने को कहा गया है कि और प्रदेश सरकार इसके लिए बजट देगी। जरूरत पड़ती है तो केंद्रीय भूतल परिवहन मंत्रालय से संपर्क कर बजट लेने की कोशिश की जाएगी।
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