फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Himachal Pradesh High Court Bar Association boycott work

प्रदेश हाईकोर्ट बार एसोसिएशन ने किया काम का बहिष्कार

Fri, 15 Nov 2019 01:22 PM IST
अरविन्द ठाकुर न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला Published by: अरविन्द ठाकुर Updated Fri, 15 Nov 2019 01:22 PM IST
विज्ञापन
Himachal Pradesh High Court Bar Association boycott work
सांकेतिक तस्वीर

प्रदेश हाई कोर्ट द्वारा अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश की सीधी भर्ती के लिए न्यायिक अधिकारिओं को योग्य घोषित किये जाने के निर्णय का  प्रदेश हाई कोर्ट बार एसोसिएशन के सदस्यों ने बहिष्कार किया है। हाईकोर्ट बार एसोसिएशन के सदस्यों ने नाराजगी जताते हुए वीरवार को अदालती कामकाज से अपने आप को अलग रखा। इस दौरान कोई भी सदस्य किसी भी अदालत में पेश नहीं हुआ।

विज्ञापन


बार एसोसिएशन ने निर्णय लिया था कि यदि कोई सदस्य अदालत में पेश होता है तो उसे पांच हजार रूपये का जुर्माना लगाया जाएगा। हिमाचल प्रदेश के विभिन्न बार एसोसिएशन द्वारा  प्रतिवेदन किये जाने के बाद हाई कोर्ट बार एसोसिएशन ने हाईकोर्ट के इस निर्णय का बहिष्कार किया। बता दें, भारतीय संविधान के अनुच्छेद 233 (ए) के तहत कोई भी न्यायिक अधिकारी जिला एवं सत्र न्यायाधीश की सीधी भर्ती के लिए योग्य नहीं है।
विज्ञापन


इस पद को केवल सात साल से अधिक वकालत करने वाले वकील से ही भरा जा सकता है। इसी अनुच्छेद के तहत ही प्रदेश हाईकोर्ट ने अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश की सीधी भर्ती के लिए भर्ती नियम बनाए जिसमें स्पष्ट किया गया है कि केवल सात साल या इससे अधिक वकालत वाले वकील ही इस पद के लिए योग्य है।
विज्ञापन
विज्ञापन


लेकिन न्यायिक अधिकारी अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश की सीधी भर्ती के लिए योग्य है या नहीं का मामला सुप्रीम कोर्ट में मामला विचाराधीन होने के बावजूद हाईकोर्ट ने न्यायिक अधिकारिओं को भी इस पद के लिए योग्य घोषित कर दिया और उन्हें अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश की सीधी भर्ती में भाग लिए जाने की अनुमति प्रदान कर दी।


अब बार एसोसिएशन की एक कमेटी का गठन किया जो हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश से मिलेगी और उन्हें इस बारे में अवगत करवाएगी। साथ ही यह भी मुख्य न्यायाधीश से गुजारिश करेगी कि जब तक सुप्रीम कोर्ट में मामला लंबित है तब तक अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश की भर्ती न की जाए।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed