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क्रिकेट: कैसे टिकानी है विकेट पर नजर, चंडीगढ़ के क्रिकेटरों को सिखाएंगे राजीव नैय्यर
Wed, 22 Sep 2021 05:43 PM IST
अरविन्द ठाकुर
अमर उजाला नेटवर्क, चंबा
अमर उजाला नेटवर्क, चंबा
Published by: अरविन्द ठाकुर
Updated Wed, 22 Sep 2021 05:43 PM IST
सार
राजीव नैय्यर दस साल तक हिमाचल की टीम के कप्तान रहे। इतने लंबे समय तक कोई खिलाड़ी लगातार कैप्टन नहीं रहा है। राजीव नैय्यर चंबा जिले के रहने वाले हैं।
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पूर्व रणजी स्टार राजीव नैय्यर
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
हिमाचल के पूर्व रणजी स्टार राजीव नैय्यर चंडीगढ़ की रणजी टीम के मुख्य प्रशिक्षक बनाए गए हैं। प्रथम श्रेणी क्रिकेट में राजीव के नाम एक पारी में सबसे अधिक समय तक बल्लेबाजी करने का रिकॉर्ड है। 1999 में जेएंडके के खिलाफ 1015 मिनट बल्लेबाजी कर इन्होंने पाकिस्तान के क्रिकेटर हनीफ मोहम्मद का रिकॉर्ड तोड़ा था।
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कुछ समय पहले चंडीगढ़ क्रिकेट एसोसिएशन ने राजीव को कोचिंग का ऑफर दिया था। जिसे उन्होंने स्वीकार कर लिया है। जल्द ही वे बतौर कोच पदभार संभाल लेंगे। क्रिकेट से अलविदा कहने के बाद राजीव को कोचिंग का शौक रहा है। उनकी इच्छा है कि उनकी कोचिंग में कोई खिलाड़ी टीम इंडिया के लिए खेले। उनका ये सपना अब पूरा हो सकता है। हेड कोच की जिम्मेवारी देने पर राजीव ने चंडीगढ़ क्रिकेट संघ का आभार जताया है।
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राजीव नैय्यर का क्रिकेट सफरनामा
राजीव नैय्यर दस साल तक हिमाचल की टीम के कप्तान रहे। इतने लंबे समय तक कोई खिलाड़ी लगातार कैप्टन नहीं रहा है। राजीव नैय्यर चंबा जिले के रहने वाले हैं। बीस साल के क्रिकेट कैरियर में 96 मैच खेले। सात हजार रन बनाए हैं। इसमें उन्होंने बीस शतक और 35 विकेट भी झटके हैं। इंडिया ए टीम से भी खेल चुके हैं। वह इंग्लैंड में 12 साल तक काउंटी क्रिकेट का हिस्सा भी रहे। प्रदेश सरकार ने इन्हें परशुराम अवार्ड और हाई स्पोर्ट्स अवार्ड इन क्रिकेट दिया है। इसके अलावा एचपीसीए में चयनकर्ता भी रह चुके हैं।
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कोच से नहीं पिता से सीखे क्रिकेट के गुर
राजीव नैय्यर ने क्रिकेट के गुर किसी कोच से नहीं बल्कि अपने पिता मेजर एसएसी नैय्यर से सीखे। मेजर एससी नैय्यर हिमाचल रणजी ट्रॉफी के पहले कैप्टन रह चुके हैं।