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सूचना आयोग: आरटीआई एक्ट की अवहेलना पर 15 हजार रुपये की पेनल्टी
Fri, 13 May 2022 01:18 PM IST
अरविन्द ठाकुर
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला
Published by: अरविन्द ठाकुर
Updated Fri, 13 May 2022 01:18 PM IST
सार
ग्राम पंचायत में चले विकास कार्यों के बारे में मांगी गई सूचना न दिए जाने पर सूचना आयोग ने पंचायत सचिव पर 15 हजार रुपये की पेनल्टी लगाई है।
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विस्तार
हिमाचल प्रदेश सूचना आयोग ने ग्राम पंचायत हलयातर के पूर्व सचिव पर आरटीआई एक्ट की अवहेलना पर 15 हजार रुपये की पेनल्टी लगाई है। यह आदेश राज्य मुख्य सूचना आयुक्त नरेंद्र चौहान ने जारी किया है। आयोग ने इसे आरटीआई एक्ट की स्पष्ट अवमानना का मामला करार दिया है। प्रथम अपीलीय प्राधिकारी खंड विकास अधिकारी बल्ह को भी निर्देश दिए हैं कि पहली अपील को 30 से 45 दिन के भीतर किया जाना चाहिए।
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राज्य सूचना आयोग ने निर्णय सुनाया है कि विकास खंड बल्ह की ग्राम पंचायत हलयातर के पूर्व पंचायत सचिव पर 15 हजार रुपये की पेनल्टी लगाई जाती है, जो वर्तमान में गाल्मा पंचायत में नियुक्त है। इसे 15 दिन में जमा करने को कहा गया है। इसके अलावा दो हफ्ते के भीतर वांछित सूचना उपलब्ध करवाने को कहा गया।
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इसे मुफ्त देने के आदेश दिए गए हैं। यह भी कहा कि इस सूचना को आगामी दो हफ्तों के अंदर दिया जाए। जनसूचना अधिकारी को आयोग को इसकी अनुपालना रिपोर्ट भी देनी होगी। संबंधित सूचना ग्राम पंचायत हलयातर को देनी होगी। साथ में अनुपालना रिपोर्ट भी लगानी होगी।
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यह सूचना ग्राम पंचायत हलयातर में चले विकास कार्यों के बारे में मांगी गई। इसके अलावा मनरेगा, सांसद, विधायक निधि और अन्य मदों में विभिन्न विभागों से आए फंड के बारे में भी सूचना मांगी, जो नहीं मिली। प्रथम अपील से भी समाधान न हुआ तो शिकायतकर्ता ने राज्य सूचना आयोग में दूसरी अपील की। इस बारे में सचिव को कारण बताओ नोटिस भी दिया गया, जिसके जवाब से भी आयोग ने असंतोष जताया।