पूर्व सैनिक कोटे के 4265 खाली पद भरेगी हिमाचल सरकार, मंत्री ने विधानसभा में दी जानकारी
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सेना से रिटायर होने वाले पूर्व सैनिकों को प्रदेश में सरकारी नौकरी के लिए राज्य सरकार अब प्रशिक्षित करेगी। सरकार इसके लिए प्रदेश में सैनिक अकादमी खोलेगी, जिसमें सेवानिवृत्त सैनिक को एक महीने प्रशिक्षण दिया जाएगा।
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उन्हें बताया जाएगा कि वे बोर्डों, निगमों और बैंकों आदि में कहां सरकारी नौकरी की पात्रता रखते हैं। सैनिक कल्याण मंत्री महेंद्र सिंह ठाकुर ने बुधवार को सदन में एक सवाल के जवाब में यह जानकारी दी।
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उन्होंने कहा कि प्रदेश में पूर्व सैनिक कोटे के खाली 4,265 पदों को जल्दी भरा जाएगा। उन्होंने सभी विभागों के मंत्रियों को भी सदन में कहा कि वे इस कोटे के खाली पदों को जल्दी भरने की प्रक्रिया अपनाएं।
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महेंद्र सिंह प्रश्नकाल में सरकाघाट के भाजपा विधायक कर्नल इंद्र सिंह ठाकुर के सवाल का जवाब दे रहे थे। इस बारे में कई अन्य विधायकों राकेश पठानिया, नंदलाल आदि ने भी अनुपूरक सवाल किए।
पूर्व सैनिकों के आश्रितों को समय पर मिलेगी नौकरियां
महेंद्र सिंह ठाकुर ने कहा कि ये पद 15 फीसदी रोस्टर की परिधि में ही भरे जा सकते हैं। उन्होंने माना कि यह सही है कि इस कोटे में बड़ी संख्या में पद खाली हैं। 392 पद एचआरटीसी में ही खाली हैं।
उन्होंने कहा कि यह भी सुनिश्चित किया जाएगा कि पूर्व सैनिकों के आश्रितों को भी उनके कोटे की समय रहते नौकरियां मिल सकें। जहां भी प्रावधान होगा, वहां इस बारे में प्रयास होंगे। कहा कि पूर्व सैनिकों की 16, 18 या 20 साल की उम्र में सेना में एनरोलमेंट हो जाती हैै।
15 साल की नौकरी के बाद उनकी उम्र 32 से 35 साल हो जाती है। ये अपने-अपने नाम का पंजीकरण हमीरपुर में करवाते हैं। इनके लिए सरकारी नौकरी में 15 प्रतिशत का रोस्टर जारी किया गया है।
15 साल तक ये सेना में सेवाएं देते हैं तो कहा जाता है कि इन्हें सिविल का ज्ञान नहीं है। उन्हें पता नहीं होता कि उनकी पात्रता किस पद के लिए है। इसके लिए अकादमी से सहयोग लिया जा सकेगा।