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घर में पक्षी रखने के शौकीनों के लिए बेहद जरूरी खबर

Mon, 24 Oct 2016 12:02 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, शिमला
ब्यूरो/अमर उजाला, शिमला Updated Mon, 24 Oct 2016 12:02 AM IST
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Himachal govt going to ban to keep birds in cages

अपने घर में पक्षी रखने के शौकीनों के लिए यह खबर बेहद जरूरी है। आने वाले समय में वन विभाग प्रदेश में पिंजरे में पक्षी रखने पर प्रतिबंध लगाने की तैयारी कर रहा है। इसके बाद अगर किसी को पक्षी को पिंजरे में रखते पाया जाएगा तो उसके खिलाफ वन्यजीव क्रूरता अधिनियम के तहत कार्रवाई की जाएगी। 

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हाल में न्यायालयों के निर्देशों और पशु पक्षियों से जुड़ी सामाजिक संस्थाओं की मांग के बाद अब विभाग ने इसकी कवायद शुरू कर दी है। लोग विभिन्न तरह के पक्षियों को पालते रहे हैं। अपने घरों में छोटे बड़े पिंजरे लगाकर पक्षी पालना अब परेशानी खड़ा कर सकता है। विभाग पिंजरे में पक्षी रखने को प्रतिबंधित करने की तैयारी में है। 
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दरअसल, हाल में राजस्थान हाईकोर्ट ने पक्षियों को पिंजरे में रखने के संबंध में दायर याचिका पर आदेश जारी किए थे। कहा गया कि पिंजरे में पक्षी को रखना क्रूरता में आता है। वहीं, वन्यजीवों के अधिकारों के लिए लड़ाई लड़ने वाली पीपुल फार द एथनिक ट्रीटमेंट आफ एनिमल्स(पीटा) के सदस्यों ने भी प्रदेश के वन अधिकारियों से मिलकर पक्षी पालने को प्रतिबंधित करने की मांग की थी।

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सिर्फ जू के लिए होगी छूट

Himachal govt going to ban to keep birds in cages
हिमाचल प्रदेश सरकार

इसके बाद अब विभाग ने इस पर कवायद शुरू कर दी है। विभाग के प्रधान सचिव तरुण कपूर ने बताया कि हाल में पीटा के सदस्य ने पक्षियों को पालने पर प्रतिबंधित लगाने की मांग की थी। विभागीय अफसरों को इस संबंध में पड़ताल कर अपनी राय देने को कहा है। कहा कि अगर कोर्ट ने ऐसा कोई निर्देश दिया है तो उसकी अनुपालना कराई जाएगी। 

पक्षी पालने के लिए मानक निर्धारित हैं, जिनकी हर जू को पालना करनी होती है। साथ ही सेंट्रल जू अथॉरिटी की टीम किसी भी चिड़ियाघर में पक्षी या अन्य किसी भी जीव जंतु व पक्षी को रखने की इजाजत तभी देती है जब उन मानकों को पूरा किया जाता है।

विभाग के एक अफसर ने बताया कि सीजेडए सिर्फ चिड़ियाघर में ही पक्षी रखने की इजाजत देती है और बिना एथॉरिटी की इजाजत किसी भी पक्षी को पिंजरे में रखना वन्यजीव अपराध की श्रेणी में आता है। ऐसे में उसके खिलाफ कार्रवाई हो सकती है।

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