कांग्रेस में बड़ी कार्रवाई, प्रकोष्ठ भंग किए
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हिमाचल कांग्रेस ने अपने 10 प्रकोष्ठों की कार्यकारिणी भंग कर दी है। सोनिया गांधी से मंजूरी मिलने के बाद प्रदेशाध्यक्ष सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने सोमवार को इसकी घोषणा की।
सुखविंद्र सुक्खू ने प्रेसवार्ता में कहा कि भंग किए गए प्रकोष्ठों में कांग्रेस पेंशनर प्रकोष्ठ, खेल, किसान एवं खेत मजदूर कांग्रेस, पंचायती राज, पूर्व सैनिक, अन्य पिछड़ा वर्ग, अल्पसंख्यक, व्यापार, बुद्धिजीवी और अनुसूचित जाति प्रकोष्ठ शामिल हैं।
उन्होंने बताया कि ये प्रकोष्ठ लंबे समय से निष्क्रिय थे और कार्यकारिणी की बैठकें तक नहीं हो रही थीं। उन्होंने कहा कि पार्टी जल्द ही इन प्रकोष्ठों की नई कार्यकारिणी गठित करेगी।
वहीं, ज्योति मर्डर मामले से बरी होने के बाद विधायक रामकुमार चौधरी को फिर से कांग्रेस की सदस्यता दी गई है। एचपीसीए मामले में उन्होंने कहा कि लाइफ मेंबर को वोटिंग का अधिकार देने के बजाय चुनाव लोकतांत्रिक तरीके से होने चाहिए।
फीस वृद्धि हो, लेकिन तर्कसंगत
विवि और कॉलेजों में फीस वृद्धि के मामले में पार्टी प्रदेशाध्यक्ष सुक्खू ने कहा कि फीस बढ़ाने का फैसला सही है, लेकिन फैसला तर्कसंगत होना चाहिए।
उन्होंने कहा कि फीस वृद्धि आज नहीं बल्कि ढाई महीने पहले हो चुकी थी। जहां तक एससीए चुनाव की बात है विवि मेें चुनाव बंद नहीं हुए है, इसका तरीका बदला गया है।
सुक्खू ने आरोप लगाया कि मोदी ने मानसरोवर यात्रा को किन्नौर से शुरू करने की बात कही थी, लेकिन इसे सिक्कम से शुरू किया गया है।
उन्होंने कहा कि केंद्र ने चुनाव से पहले जनता को बड़े बड़े सपने दिखाए थे, लेकिन सरकार लोगों की उम्मीदों पर खरा नहीं उतर पाई है।