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‘खत्म की जाए ई-रिटर्न की अनिवार्यता’
Updated Mon, 16 Jun 2014 02:41 PM IST
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शिमला व्यापार मंडल ने आबकारी एवं कराधान विभाग द्वारा ई-रिटर्न को अनिवार्य करने की व्यवस्था को खत्म करने की मांग की है। रविवार को एसडी स्कूल में आयोजित शिमला व्यापार मंडल की बैठक में ई-रिटर्न और इसे लेकर कारोबारियों को पेश आ रही समस्याओं पर विचार विमर्श किया गया।
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व्यापार मंडल के अध्यक्ष इंद्रजीत सिंह ने बताया कि विभाग की और से ई तिमाही रिटर्न की व्यवस्था अनिवार्य कर दी गई है, जबकि सामान्य कारोबारी के लिए इस व्यवस्था का पालन आसान नहीं है। बड़े कारोबारी ई रिटर्न भरने के लिए पैसे देकर व्यवस्था कर सकते हैं लेकिन छोटे कारोबारी के लिए यह आसान नहीं है।
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ऐसे कारोबारी जो कम पढ़े लिखे हैं, जिन्हें कंप्यूटर और इंटरनेट का इस्तेमाल नहीं आता उनके लिए ई रिटर्न अनिवार्य कर परेशानी खड़ी कर दी गई है। इंद्रजीत सिंह ने बताया कि शिमला व्यापार मंडल आबकारी एवं कराधान विभाग के कमिश्नर, आबकारी मंत्री और आवश्यकता पड़ी तो मुख्यमंत्री से ई - रिटर्न की अनिवार्यता खत्म करने की मांग करेगा।
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साथ ही यह भी मांग की जाएगी कि कारोबारियों के लिए ई-रिटर्न को लेकर कार्यशालाएं आयोजित की जाए ताकि कारोबारी खुद ई-रिटर्न भरना सीख सके। बैठक में व्यापार मंडल शिमला के उपप्रधान धर्मपाल पुरी, महासचिव संजीव ठाकुर, सहसचिव सर्वजीत सिंह और कोषाध्यक्ष नितिन सोहल सहित व्यापार मंडल के अन्य सदस्य उपस्थित रहे।