गजब! हिमाचल पुलिस में एकसाथ भर्ती हुए बाप-बेटा, साथ ली ट्रेनिंग
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इसे काबिलियत कहें या फिर संयोग कि पिता, पुत्र और दो सगे भाइयों ने एकसाथ वीरवार को हिमाचल पुलिस विभाग में सेवाएं देने के लिए प्रवेश किया। एकसाथ पीटीसी डरोह में 9 महीनों का प्रशिक्षण प्राप्त कर पिता और पुत्र पासआउट भी हुए।
मूलरूप से शिमला के रहने वाले दो सगे भाई नीरज कुमार और धीरज कुमार एकसाथ ही पुलिस में भर्ती हुए। दोनों ने पीटीसी में 15वें आरक्षी बैच में ट्रेनिंग पूरी करके पुलिस विभाग में प्रवेश किया। बड़ा भाई नीरज बीए पास है तो धीरज ने जमा दो के बाद ही नौकरी ज्वाइन कर ली।
दोनों प्रथम बीएन जुन्गा शिमला में कल अपनी ज्वाइनिंग देंगे। दूसरी ओर पिता और पुत्र ने भी एकसाथ अपना 9 माह का प्रशिक्षण पीटीसी में एकसाथ पूरा किया। पिता भारतीय सेना से पूर्व सैनिक हैं और दोबारा पुलिस में भर्ती हुए है।
सूबे को मिले पांच डीएसपी और 691 जवान
हिमाचल पुलिस को वीरवार को पांच नए डीएसपी, एक एसआई और 691 पुलिस आरक्षी मिल गए। पुलिस प्रशिक्षण महाविद्यालय डरोह में दीक्षांत समारोह के दौरान भव्य परेड का आयोजन किया गया। परेड की सलामी डीजीपी संजय कुमार ने ली।
प्रशिक्षण केंद्र के आईजी जीडी भार्गव ने पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई। 691 पुलिस प्रशिक्षुओं में से 149 महिला प्रशिक्षु भी पासआउट हुई हैं। डीजीपी ने कहा कि पीटीसी डरोह प्रशिक्षण केंद्र के हर लिहाज से बेहतरीन सेवाएं दे रहा है।
संजय कुमार ने बताया कि प्रदेश में स्थापित छह इंडियन रिजर्व बटालियनों में तैनात पुलिस कर्मचारियों की सेवाएं प्रदेश में ही नहीं बल्कि प्रदेश से बाहर भी ली जा सकती हैं।
इन पुलिस जवानों का प्रशिक्षण प्रदेश के लिहाज से नहीं बल्कि भारत वर्ष की पैरा फोर्सेज और अन्य राज्यों की पुलिस ट्रेनिंग को ध्यान में रखते हुए दिया गया है। बीपीआरएंडडी नई दिल्ली के दिशा-निर्देश से यह प्रशिक्षण करवाया गया है।