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Shimla News: नेत्रदान में उत्कृष्ट कार्य करने पर परिवार किए गए सम्मानित
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आईजीएमसी में सम्मान समारोह का आयोजन
नेत्र रोग विभाग ने 400 कॉर्निया किए प्रत्यारोपण
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। इंदिरा गांधी मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (आईजीएमसी) में नेत्र रोग विभाग और स्टेट ऑर्गन एंड टिश्यू ट्रांसप्लांट ऑर्गेनाइजेशन (एसओटीओ) के संयुक्त तत्वावधान में नेत्रदान पखवाड़े के तहत सम्मान समारोह आयोजित किया गया।
इस दौरान नेत्रदाताओं स्वर्गीय ऊषा, जितेश और उर्मिला देवी के परिजनों को सम्मानित किया गया। इसके अलावा नेत्रदान के क्षेत्र में उत्कृष्ट सेवाएं देने के लिए डॉ. उषा, नंदिनी, गुरमीत, रुचि, जतिंद्र, डॉ. सारिका और एसओटीओ के स्टेट ट्रांसप्लांट कोआर्डिनेटर नरेश को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम के दौरान लोगों को नेत्रदान के प्रति जागरूक किया और अधिक से अधिक लोगों से नेत्रदान करने का आग्रह किया गया। साथ ही लोगों को ऑनलाइन नेत्रदान फॉर्म भरने के लिए भी प्रेरित किया गया। कार्यक्रम में प्राचार्य डॉ. सीता ठाकुर ने बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की। नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. विनय ने पावर पॉइंट प्रेजेंटेशन के माध्यम से आईजीएमसी आई बैंक की विभिन्न गतिविधियों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने उपस्थित लोगों को नेत्रदान और आई बैंक से जुड़ी गतिविधियों से अवगत करवाया। उन्होंने बताया कि जरूरतमंद मरीजों को दृष्टि प्रदान करने में नेत्रदान की महत्वपूर्ण भूमिका है।
नेत्र रोग विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. राम लाल शर्मा ने बताया कि आईजीएमसी शिमला का आई बैंक वर्ष 2010 से संचालित है और इसके माध्यम से अब तक 400 कॉर्निया प्रत्यारोपण किए जा चुके हैं। उन्होंने नेत्रदाताओं और उनके परिजनों के योगदान को महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि उनके इस मानवीय निर्णय के कारण जरूरतमंद लोगों को नई रोशनी मिल सकी है। प्राचार्य डॉ. सीता ठाकुर ने नेत्र रोग विभाग और एसओटीओ हिमाचल प्रदेश की ओर से नेत्रदान एवं अंगदान के क्षेत्र में किए जा रहे प्रयासों की सराहना की।
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नेत्र रोग विभाग ने 400 कॉर्निया किए प्रत्यारोपण
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। इंदिरा गांधी मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (आईजीएमसी) में नेत्र रोग विभाग और स्टेट ऑर्गन एंड टिश्यू ट्रांसप्लांट ऑर्गेनाइजेशन (एसओटीओ) के संयुक्त तत्वावधान में नेत्रदान पखवाड़े के तहत सम्मान समारोह आयोजित किया गया।
इस दौरान नेत्रदाताओं स्वर्गीय ऊषा, जितेश और उर्मिला देवी के परिजनों को सम्मानित किया गया। इसके अलावा नेत्रदान के क्षेत्र में उत्कृष्ट सेवाएं देने के लिए डॉ. उषा, नंदिनी, गुरमीत, रुचि, जतिंद्र, डॉ. सारिका और एसओटीओ के स्टेट ट्रांसप्लांट कोआर्डिनेटर नरेश को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम के दौरान लोगों को नेत्रदान के प्रति जागरूक किया और अधिक से अधिक लोगों से नेत्रदान करने का आग्रह किया गया। साथ ही लोगों को ऑनलाइन नेत्रदान फॉर्म भरने के लिए भी प्रेरित किया गया। कार्यक्रम में प्राचार्य डॉ. सीता ठाकुर ने बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की। नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. विनय ने पावर पॉइंट प्रेजेंटेशन के माध्यम से आईजीएमसी आई बैंक की विभिन्न गतिविधियों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने उपस्थित लोगों को नेत्रदान और आई बैंक से जुड़ी गतिविधियों से अवगत करवाया। उन्होंने बताया कि जरूरतमंद मरीजों को दृष्टि प्रदान करने में नेत्रदान की महत्वपूर्ण भूमिका है।
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नेत्र रोग विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. राम लाल शर्मा ने बताया कि आईजीएमसी शिमला का आई बैंक वर्ष 2010 से संचालित है और इसके माध्यम से अब तक 400 कॉर्निया प्रत्यारोपण किए जा चुके हैं। उन्होंने नेत्रदाताओं और उनके परिजनों के योगदान को महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि उनके इस मानवीय निर्णय के कारण जरूरतमंद लोगों को नई रोशनी मिल सकी है। प्राचार्य डॉ. सीता ठाकुर ने नेत्र रोग विभाग और एसओटीओ हिमाचल प्रदेश की ओर से नेत्रदान एवं अंगदान के क्षेत्र में किए जा रहे प्रयासों की सराहना की।
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