फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Shimla News ›   dispute on project

22 करोड़ के प्रोजेक्ट पर मंडराया संकट

Wed, 23 Feb 2022 11:13 PM IST
Shimla	 Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Wed, 23 Feb 2022 11:13 PM IST
विज्ञापन
dispute on project
तीन हजार से अधिक लोगों को मिलने हैं कनेक्शन
विज्ञापन

प्लांट से जुड़ेंगे पंथाघाटी, कसुम्पटी और मैहली क्षेत्र
पेयजल कंपनी बिछा चुकी है सीवरेज लाइनें
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। शहर के पंथाघाटी, कसुम्पटी और मैहली समेत साथ लगते इलाकों के हजारों भवन मालिकों को सीवरेज कनेक्शन की सुविधा देने के प्रोजेक्ट पर संकट मंडरा गया है। इलाके में सीवरेज लाइनें बिछाने के बावजूद अभी लोगों को इस सुविधा के लिए इंतजार करना होगा।
प्रोजेक्ट के लिए अश्वनी खड्ड के दोगड़ा पुल के पास सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट बनना है, जिस का स्थानीय लोग विरोध कर रहे हैं। लोगों के विरोध के बाद पेयजल कंपनी की परेशानी भी बढ़ गई है। कंपनी ने 22 करोड़ के इस प्रोजेक्ट को धरातल पर उतारने के लिए लोगों से बात की थी। इन्हें देश के आधुनिक ट्रीटमेंट प्लांट का निरीक्षण भी करवाया था। कंपनी का दावा है कि आधुनिक प्लांट लगने से इस क्षेत्र में पेयजल दूषित नहीं होगा, न ही बदबू फैलेगी। इसके बावजूद स्थानीय लोगों ने विरोध जता दिया है।
विज्ञापन

लोगों का कहना है कि सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट लगाने से स्थानीय उठाऊ पेयजल योजना का पानी दूषित हो सकता है। प्लांट की प्रस्तावित जगह के पास ही स्थानीय देवी, देवता का मंदिर भी हैं जिससे लोगों की धार्मिक आस्थाएं भी आहत होंगी। पेयजल योजना से पुजारली, ढमेची, क्वालग-मझार, क्यार, सेरी, सिंयुठा, भाट सहित अन्य गांवों को पानी की सप्लाई होती है। स्थानीय लोगों ने कंपनी से प्रस्तावित स्थल को बदलने का आग्रह किया है। लोगों ने इस मामले पर अदालत जाने की भी चेतावनी दी है।
विज्ञापन
विज्ञापन

इस प्रोजेक्ट के तहत नगर निगम क्षेत्र के तीन हजार से अधिक भवनमालिकों को सीवरेज के कनेक्शन मिलने हैं। इसके अलावा जिन पंचायती क्षेत्रों से यह लाइन गुजरेगी, उन्हें भी इससे जोड़ा जाएगा। दो साल से इस प्रोजेक्ट पर काम चल रहा है। अब यह और लटक सकता है। पहले कांग्रेस भी इस प्रोजेक्ट का विरोध कर रही थी। लेकिन कंपनी के साथ हुई बातचीत के बाद विरोध शांत हो गया। अब माकपा ने इस पर विरोध जताया है।

लोगों से फिर करेंगे बात : एजीएम
पेयजल कंपनी के एजीएम गोपाल कृष्ण ने बताया कि स्थानीय लोगों के साथ इस प्लांट पर पहले भी बैठकें हो चुकी हैं। ज्यादातर लोग मान गए हैं, जो लोग अब विरोध कर रहे हैं, उनसे भी बातचीत कर और सहमति लेकर इस प्रोजेक्ट का काम पूरा किया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed