{"_id":"654282439558dd37a5052be5","slug":"dharamshala-10-years-imprisonment-rs-20-000-fine-for-man-found-guilty-of-raping-a-minor-2023-11-01","type":"story","status":"publish","title_hn":"Dharamshala: नाबालिग से दुष्कर्म करने के दोषी को 10 वर्ष कारावास, 20 हजार जुर्माना","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Dharamshala: नाबालिग से दुष्कर्म करने के दोषी को 10 वर्ष कारावास, 20 हजार जुर्माना
Wed, 01 Nov 2023 10:26 PM IST
Krishan Singh
संवाद न्यूज एजेंसी, धर्मशाला
संवाद न्यूज एजेंसी, धर्मशाला
Published by: Krishan Singh
Updated Wed, 01 Nov 2023 10:26 PM IST
सार
जिला एवं सत्र न्यायाधीश अनिल शर्मा की अदालत में दुष्कर्म के दोषी सुभाष कुमार निवासी नूरपुर, कांगड़ा को 10 वर्ष का कठोर कारावास और 20 हजार रुपये जुर्माना न देने पर दो साल के साधारण कारावास की सजा सुनाई गई है।
विज्ञापन
अदालत(सांकेतिक)।
- फोटो : सोशल मीडिया
विस्तार
हिमाचल प्रदेश के धर्मशाला में अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश अनिल शर्मा की अदालत में दुष्कर्म के दोषी सुभाष कुमार निवासी नूरपुर, कांगड़ा को 10 वर्ष का कठोर कारावास और 20 हजार रुपये जुर्माना न देने पर दो साल के साधारण कारावास की सजा सुनाई गई है। इस केस की पैरवी स्पेशल पब्लिक प्रॉसिक्यूटर राज रानी की ओर से की गई। जानकारी के अनुसार 16 अप्रैल 2022 को पीड़िता के पिता ने अपनी नाबालिग बेटी जिसे कोई अज्ञात व्यक्ति भगा कर ले गया था, उसकी रिपोर्ट नूरपुर थाने में दर्ज करवाई गई थी। इस पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर इसकी छानबीन की। इस दौरान टावर लोकेशन के आधार पर पीड़िता का पता लगाया गया, जिसके बाद आरोपी को हरियाणा में पकड़ा गया।
विज्ञापन
पूछताछ पर पीड़िता ने बताया कि आरोपी उसे बहला फुसलाकर एक वैन में अपने साथ हरियाणा ले गया था और उसे एक कमरे में रखा जहां दोषी ने पीड़िता की रजा मंदी के बिना उसके साथ दुष्कर्म किया। इस केस में 25 गवाहों को पेश किया गया, जिसके बाद आरोपी सुभाष को दोषी पाए जाने पर धारा चार पॉक्सो के तहत 10 साल का कठोर कारावास और 20 हजार रुपये जुर्माना न देने पर दो साल का साधारण कारावास, धारा 363 भारतीय दंड संहिता के अनुसार तीन साल की साधारण कैद और पांच हजार का जुर्माना न देने पर छह महीने की अतिरिक्त कैद, धारा 366 ए भारतीय दंड संहिता के अनुसार पांच साल का साधारण कारावास और 5,000 जुर्माना न देने पर एक साल की अतिरिक्त कैद की सजा सुनाई। 20 हजार का जुर्माना न देने पर दो साल का अतिरिक्त साधारण कारावास होगा।
विज्ञापन