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चीन से सटे हिमाचल बॉर्डर पर युवाओं की संख्या कम: डीजीपी
Sat, 25 Jul 2020 08:32 PM IST
Krishan Singh
अमर उजाला नेटवर्क, धर्मशाला
अमर उजाला नेटवर्क, धर्मशाला
Published by: Krishan Singh
Updated Sat, 25 Jul 2020 08:32 PM IST
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डीजीपी संजय कुंडू
- फोटो : अमर उजाला
सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेने पहुंचे डीजीपी संजय कुंडू ने हिमाचल सीमा के साथ लगते चीन बॉर्डर को लेकर बड़ा खुलासा किया। उन्होंने कहा कि राज्यपाल के निर्देश पर सरकार ने स्पीति और किन्नौर के बॉर्डर के गांवों का जायजा लेने के लिए पांच आईपीएस अफसरों को भेजा था। अफसरों की रिपोर्ट में बॉर्डर को लेकर हैरतअंगेज बात सामने आई है। उन्होंने कहा कि रिपोर्ट में पाया गया है कि चीन बॉर्डर के साथ लगते प्रदेश के लाहौल-स्पीति और किन्नौर जिला के गांवों में न सिर्फ जनसंख्या कम हो रही है, बल्कि युवा रोजगार के लिए प्रदेश के अन्य जिलों या दूसरे राज्यों का रुख कर गए हैं। गांवों में सिर्फ बुजुर्ग महिलाएं ही रह गई हैं जो सुरक्षा की दृष्टि से सही नहीं है।
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डीजीपी ने कहा कि सीमावर्ती गांवों में आर्थिक स्थिति मजबूत कर रोजगार के साधन पैदा करने होंगे, ताकि युवा गांवों में वापस आएं और स्थानीय सुरक्षा चक्र मजबूत हो। इससे वहां सेना को भी मदद मिलेगी। इस संबंध में प्रदेश सरकार को रिपोर्ट सौंप दी गई है। केंद्र ने भी प्रदेश सरकार की रिपोर्ट को सराहा है। डीजीपी ने एसपी कार्यालय धर्मशाला में पत्रकार वार्ता के दौरान यह बात कही। उन्होंने कहा कि चीन से सटे बॉर्डर एरिया में संपर्क मार्ग दुरुस्त करने होंगे। सूचना तंत्र भी मजबूत करना होगा। लोकल लोगों को स्काउटस के रूप में तैनाती देनी चाहिए। 3 हेलीपैड बनाने की मंजूरी मिल गई है।
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पठानकोट एयरबेस की सुरक्षा को नूरपुर में तैनात होगी कमांडो यूनिट
डीजीपी ने कहा कि पाकिस्तान को लेकर जिला कांगड़ा का बॉर्डर एरिया सुरक्षा की दृष्टि से संवेदनशील है। पठानकोट एयरबेस पर पहले ही आतंकी हमला हो चुका है। जम्मू कश्मीर और ममून कैंट भी सीमा के पास ही है। इसलिए उन्होंने सरकार से नूरपुर में कमांडो यूनिट तैनात करने की मांग सरकार से की है। यह यूनिट कुल्लू और शिमला में भी तैनात करने की योजना है।
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शिमला से धर्मशाला शिफ्ट होगा डीआईजी इंटेलीजेंस का दफ्तर
डीजीपी ने कहा कि जिला कांगड़ा में सुरक्षा की संवेदनशीलता, बढ़ते अपराध और बढ़ती नशाखोरी को देखते हुए डीआईजी इंटेलीजेंस के शिमला स्थित कार्यालय को धर्मशाला शिफ्ट करने की मांग उन्होंने सरकार से की है।