फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Scholarship Scam: Two to 40 crores stipend Grabbed by institutions

छात्रवृत्ति घोटाला: दो से 40 करोड़ का वजीफा हड़प गए संस्थान

Fri, 22 Nov 2019 10:27 AM IST
Krishan Singh न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला Published by: Krishan Singh Updated Fri, 22 Nov 2019 10:27 AM IST
विज्ञापन
Scholarship Scam: Two to 40 crores stipend Grabbed by institutions
सांकेतिक तस्वीर

 करीब 250 करोड़ रुपये के बहुचर्चित छात्रवृत्ति घोटाले की परतें खुलनी शुरू हो गई हैं। अब तक की जांच में सामने आया है कि निजी शिक्षण संस्थानों ने दो से लेकर 40 करोड़ रुपये तक की छात्रवृत्ति हड़पी है। सीबीआई की जांच में शुरू के 22 संस्थानों ने सबसे ज्यादा पैसे की गड़बड़ी की है। अब सीबीआई संस्थान मालिकों को पूछताछ के लिए कार्यालय बुलाने जा रही है। बताया यह भी जा रहा है कि सीबीआई जल्द इस मामले में कुछ लोगों को गिरफ्तार कर सकती है।

विज्ञापन


 सीबीआई ने निजी शिक्षण संस्थानों का रिकॉर्ड कब्जे में लिया है। कार्यालय में रिकॉर्ड को बारीकी से खंगाला जा रहा है। सीबीआई के हाथ शुरुआती दौर में जिन 27 संस्थानों की सूची आई, अब सीबीआई ने उनमें से पांच संस्थानों को शॉर्ट लिस्ट कर 22 पर ही जांच बैठाई है। उल्लेखनीय है कि सीबीआई जांच में शिक्षा विभाग की स्कॉलरशिप शाखा में तत्कालीन वरिष्ठ सहायक की बड़ी भूमिका सामने आ रही है।
विज्ञापन


अनुसूचित जाति, जनजाति और ओबीसी विद्यार्थियों के नाम पर फ र्जी छात्रवृत्ति जारी करने में इस वरिष्ठ सहायक का बड़ा रोल रहा है। हालांकि, इस कर्मचारी से ऊपर के कई वरिष्ठ अधिकारियों के बारे में भी पुख्ता सुबूत जुटाए जा रहे हैं। इससे यह स्पष्ट हो जाएगा कि अगर फ र्जी छात्रवृत्ति जारी करने के लिए कमीशन लिया जाता था तो वरिष्ठ सहायक अकेला ही इसे वसूल करता था या उन अधिकारियों की भी इसमें भूमिका रही है। 

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed