Himachal: सीएम सुक्खू ने बजट को नीतिगत दस्तावेज साबित होने वाला बताया, जयराम ने दिशाहीन कहा
मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि सरकार का विश्वास है कि यह बजट केवल औपचारिक दस्तावेज न होकर हिमाचल प्रदेश के विकास को नई सोच के साथ नई दिशा देने वाला एक नीतिगत दस्तावेज साबित होगा। वहीं, नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि हिमाचल का बजट एक दृष्टिहीन और दिशाहीन बजट है।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि कांग्रेस सरकार हिमाचल के विकास को तीव्र गति देने और बहुमुखी तथा समग्र विकास के लिए कार्यरत है। राज्य सरकार हिमाचल को ग्रीन एनर्जी स्टेट के रूप में विकसित करने के लिए प्रभावी कदम उठाएगी। मुख्यमंत्री के रूप में यह उनका पहला बजट है। सरकार का विश्वास है कि यह बजट केवल औपचारिक दस्तावेज न होकर हिमाचल प्रदेश के विकास को नई सोच के साथ नई दिशा देने वाला एक नीतिगत दस्तावेज साबित होगा। कांग्रेस सरकार को अप्रत्याशित कर्जे का बोझ पिछली सरकार से विरासत में मिला है। इसके बावजूद व्यवस्था परिवर्तन की दिशा में यह बजट मील का पत्थर साबित होगा।
हिमाचल का बजट दृष्टिहीन और दिशाहीन : जयराम
नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि हिमाचल का बजट एक दृष्टिहीन और दिशाहीन बजट है। अगर पूर्ण रूप से देखा जाए तो यह अपने आप में एक खोखला बजट है। बजट में केवल केंद्र सरकार की योजनाओं का लाभ उठाया गया है और उन योजनाओं में जितनी भी धनराशि हिमाचल प्रदेश को आ रही है। उसे प्रदेशवासियों को वितरित किया गया है, पर पूरे बजट में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का धन्यवाद नहीं किया गया है। मुख्यमंत्री को झूठ बोलना छोड़ देना चाहिए, वह शिव धाम की बात कर रहे हैं, पर इसका 40 करोड़ रुपये का टेंडर हो चुका है और उसका काम भी चल रहा है। मंडी एयरपोर्ट का काम काफी आगे बढ़ चुका है, पर इसको लेकर भी सरकार गोलमोल बातें ही कर रही है।
विकास की नई इबारत लिखेगा बजट : प्रतिभा
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष एवं सांसद प्रतिभा सिंह ने विधानसभा में मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू की ओर से पेश किए गए बजट की सराहना की है। प्रतिभा सिंह ने बजट को चहुमुखी विकास की नई गाथा बताया है। यह बजट प्रदेश में कांग्रेस सरकार के विकास की नई इबारत लिखेगा। प्रतिभा सिंह ने बजट में विकास को प्रमुखता के साथ-साथ बेरोजगारी दूर करने एवं युवाओं को स्वरोजगार देने की दिशा में उपयोगी बताया है। उन्होंने कहा कि बजट में हर वर्ग का ख्याल रखा गया है। मुख्यमंत्री सुखविंद्र सुक्खू की ओर से पेश बजट बेहतरीन है। इसमें चहुमुखी विकास की नई गाथा लिखी गई है। यह विकास की नई इबारत लिखेगा। बजट में विकास को प्रमुखता के साथ-साथ बेरोजगारी दूर करने एवं युवाओं को स्वरोजगार देने की दिशा में उपयोगी कदम उठाए गए हैं। बजट में हर वर्ग का ख्याल रखा गया है।
विकासोन्मुख है सुक्खू सरकार का बजट : राठौर
अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के प्रवक्ता एवं ठियोग से कांग्रेस के विधायक कुलदीप सिंह राठौर ने बजट की सराहना की। कहा कि बजट विकासोन्मुख और दूरगामी है। बजट से प्रदेश की बिगड़ी अर्थव्यवस्था भी पटरी पर आएगी। राठौर ने इसे ऐतिहासिक बताया और कहा कि बजट में समाज के हर वर्ग का पूरा ख्याल रखा गया है। विशेषकर रोजगार सृजन के साथ-साथ स्वरोजगार को विशेष प्रमुखता दी गई हैं। विधायक निधि के बढ़ाने पर खुशी व्यक्त करते हुए कहा कि विधायक अपने-अपने क्षेत्रों में और अधिक विकास कार्य पूरा कर सकेंगे।
कांग्रेस ने जो कहा, बजट में कर दिखाया : बुशैहरी
शिमला। प्रदेश कांग्रेस कमेटी के महासचिव एवं प्रवक्ता देवेंद्र बुशैहरी ने कहा कि कांग्रेस पार्टी जो कहती है वह करती है। 2023-24 का बजट प्रदेशवासियों के हरित, स्वास्थ्य एवं समृद्ध भविष्य के लिए एक नई दिशा प्रदान करने वाला दस्तावेज है। बजट के माध्यम से हिमाचल प्रदेश को 31 मार्च 2026 तक हरित राज्य के रूप में विकसित करने के लिए जो कदम उठाए गए हैं, वे स्वागत योग्य हैं। पर्यटन सहित अन्य क्षेत्रों में आधारभूत संरचना में निवेश के माध्यम से रोजगार का सृजन, अर्थव्यवस्था की मजबूती एवं तकनीक के इस्तेमाल से स्वास्थ्य और शिक्षा, गरीब एवं जरूरतमंद वर्गों की सहायता के उद्देश्य से बजट प्रस्तुत किया गया है।
उप मुख्यमंत्री, कृषि और उद्योग मंत्री ने की बजट की सराहना
उप मुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री, कृषि मंत्री चंद्र कुमार तथा उद्योग मंत्री हर्षवर्धन चौहान ने मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू की ओर से पेश वर्ष 2023-24 के बजट को ऐतिहासिक एवं आम लोगों का बजट करार दिया है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने ग्रीन बजट पेश कर हिमाचल प्रदेश को एक नई दिशा देने का प्रयास किया है। अग्निहोत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार ने 31 मार्च 2026 तक राज्य को ग्रीन एनर्जी राज्य के रूप में विकसित करने का लक्ष्य रखा है। वर्ष 2023-24 में 500 मैगावाट सौर ऊर्जा क्षमता की परियोजनाएं स्थापित करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
कृषि मंत्री चंद्र कुमार ने कहा कि बजट में पर्यटन क्षेत्र को प्रोत्साहित करने के लिए किए गए प्रयास सराहनीय हैं। उन्होंने कहा कि कांगड़ा जिला को हिमाचल प्रदेश की पर्यटन राजधानी के रूप में विकसित किया जाएगा। इससे क्षेत्र में पर्यटकों को आकर्षित करने में मदद मिलेगी। साथ ही रोजगार व स्वरोजगार के अनेक अवसर सृजित होंगे।
उद्योग मंत्री हर्षवर्धन चौहान ने कहा कि बजट में प्रदेश के चहुंमुखी विकास के लिए महत्वाकांक्षी प्रयास किए गए हैं। प्रदेश के युवाओं को स्वरोजगार एवं स्टार्ट अप सहायता प्रदान करने के लिए राजीव गांधी स्वरोजगार योजना आरंभ करने की घोषणा की गई है। साथ ही सरकार ने नई औद्योगिक निवेश नीति लाने की घोषणा की है।
बजट से कामगारों और बागवानों को कोई राहत नहीं: माकपा
मार्क्सवादी क म्युनिस्ट पार्टी (माकपा) के प्रदेश सचिव ओंकार शाद ने कहा कि प्रदेश के बजट से कामगारों और बागवानों को कोई राहत नहीं मिला है। बजट में किसानों और बागवानों की घोर उपेक्षा की गई है। माकपा नेता शाद ने कहा कि मजदूरों के साथ आर्थिक न्याय नहीं हुआ है। किसानों और बागवानों के लिए कोई बजट प्रावधान नहीं किया गया है। विभिन्न सेवाओं को सुदृढ़ करने के लिए बजट में कुछ ठोस नहीं किया गया। सेब बागवानों के लिए मंडी मध्यस्थता योजना को तहत सब खरीद मूल्य नहीं बढ़ाया है।