इन आईएएस अफसरों के खिलाफ चलेगा मुकदमा
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पूर्व आईपीएस अधिकारी एएन शर्मा को सेवा विस्तार देने के मामले में तत्कालीन मुख्य सचिव रवि ढींगरा और सचिव गृह पीसी कपूर पर भी मुकदमा चलेगा। प्रदेश सरकार ने इन पूर्व आईएएस अधिकारियों के खिलाफ अभियोजन मंजूरी दे दी है। अब विजिलेंस ब्यूरो कभी भी कोर्ट में चालान पेश कर सकता है। ये दोनों अधिकारी सेवानिवृत्त हो चुके हैं।
स्टेट विजिलेंस ने इसी साल जनवरी माह में इस मामले में पूर्व मुख्यमंत्री प्रेम कुमार धूमल, पूर्व आईपीएस एएन शर्मा, पूर्व मुख्य सचिव रवि ढींगरा और पूर्व प्रधान सचिव गृह पीसी कपूर पर केस चलाने के लिए अभियोजन मंजूरी मांगी थी। गृह विभाग की ओर से फरवरी में ही पूर्व आईपीएस एएन शर्मा के खिलाफ अभियोजन मंजूरी दे दी गई।
राज्यपाल ने लौटा दी थी धूमल की फाइल
पूर्व मुख्यमंत्री प्रेमकुमार धूमल की फाइल राज्यपाल ने 20 जनवरी को वापस लौटा दी थी। राज्यपाल ने कहा था कि इस मामले में प्रदेश सरकार अपने स्तर पर निर्णय ले सकती है। रवि ढींगरा और पीसी कपूर की फाइलें लंबे समय से विधि विभाग के पास लंबित पड़ी थीं। विधि विभाग से हरी झंडी मिलते ही शनिवार को कार्मिक विभाग ने इन दोनों पूर्व आईएएस अफसरों के खिलाफ मुकदमा चलाने को मंजूरी दे दी। कार्मिक विभाग ने फाइल गृह विभाग को भेज दी है।
क्या था मामला- आरोप है कि एएन शर्मा वर्ष 2007 के विधानसभा चुनाव में नादौन हलके से भाजपा टिकट के दावेदार थे। टिकट लेने की प्रक्रिया के बीच समय से पूर्व ही उन्होंने सेवानिवृत्ति के लिए आवेदन किया। उन्हें वीआरएस दे दी गई, लेकिन बाद में सरकार ने उनकी सेवानिवृत्ति की अधिसूचना को वापस ले लिया। आरोप है यह सब नियमों के विपरीत किया गया।