{"_id":"5ff323758ebc3e40fe0c5997","slug":"bird-flu-confirmed-in-dead-migratory-birds-in-pong-dam-lake-area-ban-on-selling-poultry-products-meat-and-fish","type":"story","status":"publish","title_hn":"हिमाचल में बर्ड फ्लू की दस्तक, कांगड़ा के चार उपमंडलों में पोल्ट्री उत्पाद बेचने पर प्रतिबंध","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हिमाचल में बर्ड फ्लू की दस्तक, कांगड़ा के चार उपमंडलों में पोल्ट्री उत्पाद बेचने पर प्रतिबंध
Mon, 04 Jan 2021 09:53 PM IST
Krishan Singh
अमर उजाला नेटवर्क, धर्मशाला
अमर उजाला नेटवर्क, धर्मशाला
Published by: Krishan Singh
Updated Mon, 04 Jan 2021 09:53 PM IST
विज्ञापन
पौंग बांध में मृत पक्षियों के सैंपल लिए गए।
- फोटो : अमर उजाला
हिमाचल प्रदेश में कोरोना वायरस के बीच कांगड़ा जिला में बर्ड फ्लू ने पांव पसारने शुरू कर दिए हैं। पौंग बांध क्षेत्र में मृत मिले पक्षियों की भोपाल और बरेली से आई सैंपल रिपोर्ट में बर्ड फ्लू की पुष्टि हो गई है। जिला प्रशासन ने देहरा, ज्वाली, इंदौरा और फतेहपुर उपमंडल में चिकन, अंडे, मछली समेत पोल्ट्री उत्पादों को बेचने पर रोक लगा दी है। पौंग बांध के किनारे निरीक्षण टीमें तैनात की गई हैं। लाउड स्पीकर से लोगों को जागरूक किया जा रहा है।
विज्ञापन
पौंग बांध के एक किलोमीटर के दायरे में आने वाले क्षेत्र को अलर्ट जोन घोषित किया गया है। बर्ड फ्लू को फैलने से रोकने के लिए नौ किलोमीटर क्षेत्र को निगरानी जोन में रखा गया है। इन क्षेत्रों में पर्यटन गतिविधियों पर भी पाबंदी लगा दी गई है।
विज्ञापन
पौंग बांध और उससे सटे क्षेत्रों में पशुओें को छोड़ने और खेतीबाड़ी जैसी गतिविधियों पर भी पाबंदी रहेगी। आदेशों की अवहेलना करने पर 50 हजार रुपये का जुर्माना लगाया जाएगा। यह जानकारी उपायुक्त राकेश प्रजापति ने सोमवार को वन्य प्राणी विभाग और पशुपालन विभाग के अधिकारियों के साथ आयोजित अहम बैठक के बाद दी। उन्होंने कहा कि चारों उपमंडलों के निजी पोल्ट्री संचालक, मीट विक्रेता, पशुओं, पक्षियों इत्यादि को बाहरी क्षेत्रों में भी नहीं बेच सकेंगे। यदि जरूरत पड़ी तो निर्देशों की पालना के लिए पुलिस बल को भी तैनात किया जा सकता है।
विज्ञापन
505 और पक्षियों की मौत, अब तक 1700 ने तोड़ा दम
पौंग बांध क्षेत्र में सोमवार को भी 505 और पक्षी मृत मिले हैं। एक हफ्ते के भीतर यहां 1700 प्रवासी पक्षियों की मौत हो चुकी है। अन्य क्षेत्रों में भी मृत पक्षियों को एकत्रित करने का काम चल रहा है। मृत प्रवासी पक्षियों को एकत्रित कर जलाया जा रहा है।
हेल्पलाइन नंबर 1077 जारी, रैपिड रिस्पांस टीम होगी गठित
पोल्ट्री फार्म में किसी मुर्गे आदि में भी बीमारी के लक्षण पाए जाएं, तो निशुल्क हेल्पलाइन नंबर 1077 पर सूचना दी जा सकती है। उपायुक्त ने कहा कि वन्य प्राणी विभाग को रैपिड रिस्पांस टीम गठित करने के निर्देश दिए गए हैं। वन विभाग को स्थिति की निरंतर निगरानी करने के निर्देश भी दिए गए हैं।
बर्ड फ्लू को लेकर अमर उजाला ने किया था आगाह
पौंग झील क्षेत्र में पिछले एक सप्ताह से पक्षियों की मौत से क्षेत्र में बर्ड फ्लू फैलने को लेकर अमर उजाला ने आगाह किया था। अमर उजाला समाचार पत्र ने ही सबसे पहले क्षेत्र में मृत मिले पक्षियों के समाचार को प्रमुखता से उठाया था। वहीं अब विभागीय रिपोर्ट में क्षेत्र में मर रहे परिंदों की रिपोर्ट में बर्ड फ्लू की पुष्टि हो गई है, जिससे लोगों में दहशत का माहौल है।