शराब खरीद रहे हैं तो अब ये लेना न भूलें
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हिमाचल प्रदेश में ठेका संचालकों को अब शराब खरीदने वालों को रसीद देनी होगी। यह व्यवस्था प्रदेश में एक सप्ताह के भीतर लागू हो जाएगी, जिससे ओवर चार्जिगिं करने वालों पर नकेल कसी जा सके।
शिमला, कुल्लू, मनाली, मंडी सहित प्रदेश भर से शिकायतें आ रही हैं कि ठेके पर मौजूद कारिंदे एमआरपी से अधिक कीमत वसूल रहे हैं। इससे सीधे तौर पर उपभोक्ताओं की जेब कट रही है।
प्रदेश सरकार के निर्देश के बावजूद शराब विक्रेता उपभोक्ताओं से मनमानी रकम वसूल रहे हैं। इसकी शिकायतें अफसर और मंत्री स्तर तक हुई हैं, लेकिन जमीन स्तर पर विक्रेता सरकार के आदेशों को ठेंगा दिखा रहे हैं।
बिल न देने पर रद्द होगा लाइसेंस
ठेकामालिकों की मनमानी को रोकने के लिए अब प्रदेश सरकार ने दुकानदारों को कैश मेमो रखने की व्यवस्था करने जा रही है, जिससे एक बोतल शराब खरीदने की स्थिति में उन्हें अब उपभोक्ताओं को बिल देना होगा। इससे वे अपना पीछा नहीं छुड़ा सकते हैं।
ऐसा न करने वाले दुकानदारों का लाइसेंस रद्द किया जा सकता है। इस मामले में सरकार अब सख्त कदम उठाने के लिए रणनीति बना चुकी है। अगले सप्ताह से आप दुकानदारों से रसीद ले सकते हैं। इसके लिए कोई भी दुकानदार मना नहीं कर सकता है।
मना करने वाले दुकानदारों के खिलाफ अब सीधे विभागीय अधिकारियों से शिकायत कर सकते हैं। इसके लिए जल्द ही आदेश जारी किया जाएगा। आबकारी व कराधान मंत्री प्रकाश चौधरी का कहना है कि प्रदेश में शराब की बोतल पर प्रिंट रेट से अधिक वसूली की शिकायतें आ रही हैं। इसलिए ये व्यवस्था की जा रही है। दुकानदारों को प्रत्येक ग्राहक को रसीद देने के लिए बाध्य किया जाएगा।