सत्ता का संग्राम: जैसलमेर में चाय पर चर्चा में मतदाता बोले- शिक्षा से अछूता है हमारा जिला, इसपर काम होना चाहिए
Rajasthan Election 2023: अमर उजाला का चुनावी रथ 'सत्ता का संग्राम' आज यानी 20 नवंबर को राजस्थान के जैसलमेर जिले में पहुंचा है। यहां सुबह-सुबह चाय की चुस्कियों के साथ लोगों ने विकास और अपनी समस्याओं पर खुलकर राय व्यक्त की। आइए जानते हैं लोग क्या बोले।
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'सत्ता का संग्राम' के तहत अमर उजाला का चुनावी रथ सोमवार को जैसलमेर पहुंचा। यहां पर लोगों ने अमर उजाला के साथ सरकार और विकास सहित अन्य मुद्दों पर अपनी बात रखी। साथ ही लोगों ने सरकार से क्या अपेक्षाएं की और क्या हुआ, इस पर भी राय व्यक्त की। एक युवा ने अपनी बात रखते हुए कहा कि जैसलमेर सरहदी इलाका है, यहां ये दावे किये जाते है कि हमने कॉलेज बनवाए, लेकिन हकीकत में यहां ऐसा कुछ नहीं है। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि गहलोत की सरकार की तरफ से दावे किये जाते है कि हमने बिजली फ्री कर देगी, जबकि यहां बिजली आती ही नहीं है। यहां आटा पिसवाने की चक्की तक नहीं चलती, किसान परेशान है। सरकार ने किसानों के लिए कुछ नहीं किया है।
शिक्षा पर कोई काम नहीं हुआ
इसी कड़ी में एक युवा ने अपनी बात रखते हुए कहा कि भाजपा ने सिर्फ अपने एजेंडों को बढ़ावा दिया, चाहे वो शिक्षा पर हो, चिकित्सा पर हो या किसी भी क्षेत्र में। हद तो तब हो गई जब शिक्षा विभाग में इनके एजेंडों की दुकान खोली गई है। यहां शिक्षा पर कोई काम नहीं हुआ है।