राजस्थान में निकाय चुनाव परिणाम: भाजपा के गढ़ों में कांग्रेस की सेंध, दिग्गजों को झटका: निर्दलीयों ने बदला खेल
राजस्थान निकाय चुनाव के नतीजों में कई बड़े उलटफेर देखने को मिले हैं। अजमेर, पाली और बीकानेर में कांग्रेस सबसे बड़ी पार्टी बनी, जबकि भाजपा ने उदयपुर और भीलवाड़ा में बहुमत हासिल किया। कई दिग्गजों के इलाकों में भी भाजपा को झटका लगा।
विस्तार
राजस्थान के 10 नगर निगमों की मतगणना के बीच सामने आ रहे नतीजों ने शहरी राजनीति की तस्वीर बदल दी है। शुरुआती रुझानों में बढ़त बनाती दिख रही भाजपा को बाद के रुझानों में कांग्रेस ने कई जगह कड़ी चुनौती दी। अजमेर, पाली और बीकानेर में कांग्रेस सबसे बड़ी पार्टी बनकर सामने आई है। वहीं भाजपा ने उदयपुर और भीलवाड़ा में बहुमत हासिल कर लिया है। अलवर, कोटा और जयपुर में भाजपा सबसे आगे है, जबकि जोधपुर में दोनों प्रमुख दलों के बीच कांटे का मुकाबला चल रहा है। भरतपुर में निर्दलीय प्रत्याशियों ने बढ़त बना रखी है।
इन नतीजों का सबसे बड़ा संकेत यह है कि इस बार कई शहरों में चुनाव सिर्फ भाजपा बनाम कांग्रेस तक सीमित नहीं रहा। स्थानीय चेहरे, बागी उम्मीदवार और निर्दलीयों ने कई वार्डों में चुनावी गणित बदल दिया। यही वजह है कि कई जगह किसी एक दल को स्पष्ट बहुमत मिलता नजर नहीं आ रहा है।
राव राजेंद्र सिंह के प्रभाव वाले इलाके में भाजपा को झटका
जयपुर के नतीजों में भाजपा के लिए बड़ा झटका जयपुर ग्रामीण सांसद राव राजेंद्र सिंह के प्रभाव वाले वार्ड में सामने आया है। यहां भाजपा प्रत्याशी को हार का सामना करना पड़ा। चुनाव से पहले इस क्षेत्र के परिसीमन को लेकर भी चर्चा रही थी। ऐसे में सांसद के प्रभाव वाले इलाके में भाजपा की हार ने स्थानीय राजनीति में सवाल खड़े कर दिए हैं।जोधपुर में कांग्रेस को बड़ा झटका लगा है। पार्टी के शहर जिलाध्यक्ष को भाजपा के मेघराज लोहिया ने हरा दिया। लोहिया पूर्व राज्यमंत्री रह चुके हैं। जोधपुर में 71.95 फीसदी मतदान हुआ था। इसके बावजूद मुकाबला किसी एक दल के पक्ष में जाता नजर नहीं आ रहा है। यहां भाजपा और कांग्रेस के बीच सीधी टक्कर बनी हुई है। ऐसे में बाकी वार्डों के नतीजे बोर्ड गठन के लिए बेहद अहम होंगे।
पढ़ें: इस सीट पर भाजपा प्रत्याशी को मिले सिर्फ 1 वोट, निर्दलीय प्रत्याशी भी रहा इनसे आगे
सुनील कोठारी जीते, मेयर की रेस में दावेदारी मजबूत
जयपुर में भाजपा के सुनील कोठारी ने वार्ड 112 से जीत दर्ज कर ली है। उन्होंने 905 वोट के अंतर से चुनाव जीता। कोठारी को मेयर पद के प्रमुख दावेदारों में गिना जा रहा है। भाजपा ने उन्हें निवर्तमान मेयर कुसुम यादव का टिकट काटकर मैदान में उतारा था। वार्ड में जीत के बाद अब मेयर पद की दौड़ में कोठारी की दावेदारी और मजबूत मानी जा रही है।
गजनफर अली की रिकॉर्ड जीत, भाजपा प्रत्याशी की जमानत जब्त
जयपुर के वार्ड 113 में कांग्रेस के गजनफर अली ने बड़े अंतर से जीत हासिल की। उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक, उन्होंने 10,014 वोट के अंतर से चुनाव जीता। यहां भाजपा प्रत्याशी फरीद्दुदीन जैकी की जमानत भी जब्त हो गई। यह नतीजा जयपुर के कुछ इलाकों में कांग्रेस की मजबूत पकड़ की ओर इशारा करता है।
सिर्फ पांच वोट का फैसला, कांता देवी ने जीता वार्ड
जयपुर के वार्ड 124 में मुकाबला बेहद करीबी रहा। यहां कांता देवी ने महज पांच वोट के अंतर से जीत दर्ज की। मामूली अंतर से आया यह नतीजा बताता है कि कई वार्डों में एक-एक वोट कितना निर्णायक साबित हुआ।