{"_id":"653806e53d9d586f3501f283","slug":"the-posters-where-till-now-only-gehlot-was-visible-are-now-visible-in-them-too-2023-10-24","type":"story","status":"publish","title_hn":"जिन पोस्टरों अब तक सिर्फ गहलोत नजर आते थे अब उनमें भी दिखने लगे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जिन पोस्टरों अब तक सिर्फ गहलोत नजर आते थे अब उनमें भी दिखने लगे
Wed, 25 Oct 2023 08:50 AM IST
सौरभ भट्ट
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर
Published by: सौरभ भट्ट
Updated Wed, 25 Oct 2023 08:50 AM IST
सार
सार- राजस्थान में गहलोत सरकार के कैंपेन पोस्टरों में सिर्फ सीएम अशोक गहलोत को दिखाए जाने को लेकर पार्टी में विवाद अब थम गया क्योंकि पोस्टर बदल गए हैं और अब पीसीसी चीफ भी इनमें नजर आने लगे हैं
विज्ञापन
विस्तार
विस्तार- विधानसभा चुनावों के लिए सरकारी योजनाओं और उपलब्धियां बताने वाले पोस्टर अब बदल दिए गए हैं। पहले इन पोस्टरों में सिर्फ सीएम अशोक गहलोत का चेहरा होता था। अब प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा भी पोस्टर में गहलोत के बराबर नजर आने लगे हैं।
दरअसल राजस्थान में पोस्टर को लेकर कांग्रेस में पिछले काफी समय से जबरदस्त विवाद चल रहा था। कई नेताओं ने दिल्ली जाकर इसकी शिकायत भी की थी कि प्रदेश में सिर्फ सीएम अशोक गहलोत का प्रचार हो रहा है पार्टी का नहीं। इसके बाद गहलोत का कैंपेन देख रही सर्वे कंपनी डिजाइन बॉक्स के संचालक नरेश अरोड़ा और गोविंद सिंह डोटासरा का कैंपेन को लेकर झगड़ा भी हो गया। इसकी शिकायत भी आलाकमान तक जा पहुंची।
विवाद के बाद फिर से संभाला काम
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा और डिजाइन बॉक्स्ड के विवाद का असर प्रदेश में गहलोत के कैंपेन पर भी पड़ रहा था। सोशल मीडिया से लेकर धरातल पर सरकार की तमाम तैयारियां इस विवाद की भेंट चढ़ रही थीं। सोशल मीडिया पर कांग्रेस के कैंपेन की रीच करीब 3 करोड़ तक कम हो गई थी। ऐसा कहा जाने लगा कि डिजाइन बॉक्स की राजस्थान से छुट्टी हो जाएगी। लेकिन हुआ इसके उलट पहले सरकारी की तरफ से यह कंपनी कैंपेन संभाल रही थी बाद में कांग्रेस पार्टी के कैंपेन की जिम्मेदारी भी इसी कंपनी को दे दी गई। अब प्रदेश में आचार संहिता लग चुकी है इसलिए कैंपेन का खर्च पार्टी ही उठाएगी। इसलिए अब प्रदेश भर में कैंपेन के लिए लगाए जा रहे पीले और गुलाबी रंग के पोस्टरों में गहलोत और डोटासरा साथ-साथ नजर आ रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
दरअसल राजस्थान में पोस्टर को लेकर कांग्रेस में पिछले काफी समय से जबरदस्त विवाद चल रहा था। कई नेताओं ने दिल्ली जाकर इसकी शिकायत भी की थी कि प्रदेश में सिर्फ सीएम अशोक गहलोत का प्रचार हो रहा है पार्टी का नहीं। इसके बाद गहलोत का कैंपेन देख रही सर्वे कंपनी डिजाइन बॉक्स के संचालक नरेश अरोड़ा और गोविंद सिंह डोटासरा का कैंपेन को लेकर झगड़ा भी हो गया। इसकी शिकायत भी आलाकमान तक जा पहुंची।
विज्ञापन
विवाद के बाद फिर से संभाला काम
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा और डिजाइन बॉक्स्ड के विवाद का असर प्रदेश में गहलोत के कैंपेन पर भी पड़ रहा था। सोशल मीडिया से लेकर धरातल पर सरकार की तमाम तैयारियां इस विवाद की भेंट चढ़ रही थीं। सोशल मीडिया पर कांग्रेस के कैंपेन की रीच करीब 3 करोड़ तक कम हो गई थी। ऐसा कहा जाने लगा कि डिजाइन बॉक्स की राजस्थान से छुट्टी हो जाएगी। लेकिन हुआ इसके उलट पहले सरकारी की तरफ से यह कंपनी कैंपेन संभाल रही थी बाद में कांग्रेस पार्टी के कैंपेन की जिम्मेदारी भी इसी कंपनी को दे दी गई। अब प्रदेश में आचार संहिता लग चुकी है इसलिए कैंपेन का खर्च पार्टी ही उठाएगी। इसलिए अब प्रदेश भर में कैंपेन के लिए लगाए जा रहे पीले और गुलाबी रंग के पोस्टरों में गहलोत और डोटासरा साथ-साथ नजर आ रहे हैं।
विज्ञापन