{"_id":"6814646a3924f7d52001c60e","slug":"rajasthan-news-bjp-spokesperson-s-meeting-with-former-cm-ashok-gehlot-sparks-fresh-speculation-2025-05-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"Rajasthan News: पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के साथ भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता की मुलाकात ने छेड़े नए तार, जानें","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Rajasthan News: पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के साथ भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता की मुलाकात ने छेड़े नए तार, जानें
Fri, 02 May 2025 11:54 AM IST
प्रिया वर्मा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर
Published by: प्रिया वर्मा
Updated Fri, 02 May 2025 11:54 AM IST
सार
भाजयुमो के पूर्व प्रदेशाध्यक्ष हिमांशु शर्मा की कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत से मुलाकात ने राजनीतिक गलियारों में नई सुगबुगाहट छेड़ दी है।
विज्ञापन
राजस्थान
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
भाजपा युवा मोर्चा के पूर्व प्रदेशाध्यक्ष और वर्तमान में बीजेपी प्रदेश प्रवक्ता हिमांशु शर्मा ने राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत से मुलाकात की। इस मुलाकात की फोटो हिमांशु शर्मा ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर साझा की और लिखा कि राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत से शिष्टाचार भेंट की। अशोक जी के लंबे राजनीतिक जीवन के अनुभव सभी दलों के युवा कार्यकर्ताओं के लिए प्रेरणा हैं।
विज्ञापन
हालांकि हिमांशु शर्मा ने इसे केवल शिष्टाचार भेंट बताया, लेकिन राजनीतिक गलियारों में इस मुलाकात ने नई चर्चा को जन्म दे दिया है। सोशल मीडिया पर लोग इस तस्वीर को लेकर तरह-तरह की प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं। एक यूजर ने तो यहां तक लिखा, "तो आप उनके शिविर की ओर चले गए?" जिससे अटकलों को और हवा मिल गई है।
विज्ञापन
ये भी पढ़ें: Bhilwara News: आरोपी को लाते समय हुआ हादसा, बीगोद थाने के सिपाही की मौत, दो पुलिसकर्मी सहित पांच घायल
विज्ञापन
हिमांशु शर्मा को सतीश पूनिया का करीबी माना जाता है और पूनिया के प्रदेशाध्यक्ष रहते ही उन्हें भाजयुमो का नेतृत्व सौंपा गया था लेकिन बाद में सीपी जोशी के प्रदेशाध्यक्ष बनने के बाद उनकी जगह अंकित चेची को यह जिम्मेदारी दे दी गई थी।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि ऐसे दौर में जब राजस्थान में सियासी समीकरण तेजी से बदल रहे हैं, एक सत्तारूढ़ दल के वरिष्ठ नेता से विपक्षी पार्टी के प्रवक्ता की मुलाकात को हल्के में नहीं लिया जा सकता।