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Ajmer News: वाल्मीकि समाज ने झाड़ू लेकर निकाली रैली, कहा- कोरोना में काम करने वालों को मिले नौकरी का हक
Thu, 01 Aug 2024 02:02 PM IST
उदित दीक्षित
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अजमेर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अजमेर
Published by: उदित दीक्षित
Updated Thu, 01 Aug 2024 02:02 PM IST
सार
प्रदर्शन में शामिल अनिल नरवाल ने बताया कि वाल्मीकि समाज ने कोरोना काल के समय अपनी जान जोखिम में डालकर काम किया था। ऐसे में सफाई भर्ती में शत प्रतिशत वाल्मीकि समाज को प्राथमिकता दी जानी चाहिए।
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वाल्मीकि समाज के लोगों ने किया प्रदर्शन।
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
सफाईकर्मी भर्ती में वाल्मीकि समाज को प्राथमिकता दिए जाने की मांग को लेकर प्रदेश में वाल्मीकि समाज की हड़ताल जारी है। जिसके अजमेर में जगह-जगह कचरे के ढेर लगे हैं। इसी कड़ी में गुरुवार को वाल्मीकि समाज के लोगों ने रैली निकालकर अनोखा प्रदर्शन किया।
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रैली के दौरान सफाई कर्मचारी हाथों में झाड़ू और मांगों को लेकर लिखी गई तख्तियां लेकर चल रहे थे। इस दौरान उन्होंने पीपीई किट पहने व्यक्ति को रिक्शे पर लिटाकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। प्रदर्शन के दौरान वाल्मीकि समाज के लोगों ने कोरोना किट, हाथों में ग्लव्स, फेस मास्क सहित हेयर केप भी लगा रखी थी।
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प्रदर्शन में शामिल अनिल नरवाल ने बताया कि वाल्मीकि समाज ने कोरोना काल के समय अपनी जान जोखिम में डालकर काम किया था। जिन व्यक्तियों की कोविड से मौत हुई थी, उनके शव को उठाने का काम वाल्मीकि समाज के लोगों ने ही किया था। ऐसे में सफाई भर्ती में शत प्रतिशत वाल्मीकि समाज को प्राथमिकता दी जानी चाहिए। जाति प्रमाण पत्र के आधार पर यह भर्ती होनी चाहिए। सफाई कर्मचारी भर्ती के असली हकदार वाल्मीकि समाज के लोग हैं, जो गंदगी उठाने का कार्य करते हैं।
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गौरतलब है कि राजस्थान में होने वाली सफाईकर्मी भर्ती में वाल्मीकि समाज को प्राथमिकता देने की मांग को लेकर पिछले 3 दिनों से वाल्मीकि समाज के लोग हड़ताल पर हैं। गुरुवार को हड़ताल का चौथा दिन है। हड़ताल से अजमेर शहर की सफाई व्यवस्था चरमरा गई है। प्रदर्शन के दौरान समाज के लोगों ने कहा कि अगर हमारी मांगें पूरी नहीं हुई तो हड़ताल जारी रहेगी। इस दौरान बड़ी संख्या में वाल्मीकि समाज की महिलाएं और पुरुष शामिल रहे।