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Rajasthan: 65 की उम्र में बाबा का कमाल, 21 फीट लंबी दाढ़ी से उठा देते हैं दो गैस सिलेंडर, जानिए सेहत का राज
Thu, 06 Jul 2023 03:23 PM IST
उदित दीक्षित
न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, भरतपुर
न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, भरतपुर
Published by: उदित दीक्षित
Updated Thu, 06 Jul 2023 03:23 PM IST
सार
दाढ़ी वाले बाबा ने कहते हैं कि भरतपुर लोहागढ़ दुर्ग हमेशा से अजेय रहा। इसे कोई जीत नहीं सका। इसलिए दाढ़ी से वजन उठाने की प्रतियोगिता में हमेशा अव्वल आऊंगा और लोहागढ़ दुर्ग का नाम ऊंचा करूंगा।
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21 फीट लंबी है बाबा जानकीदास की दाढ़ी।
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
दाढ़ी वाले बाबा इन्हें चैंपियन बाबा ने नाम से भी जाना जाता है। 65 साल के ये बाबा अपनी दाढ़ी के वजन उठाने के लिए प्रसिद्ध हैं। कई प्रतियोगिताओं में ये बाबा दाढ़ी से वजन उठाकर पहले स्थान पर आ चुके हैं और इनाम भी जीत चुके हैं। आईए जानते हैं इन दाढ़ी वाले बाबा के बारे में...।
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इन दाढ़ी वाले बाबा का नाम है महंत जानकीदास। इनकी उम्र 65 साल से अधिक हैं। ये बाबा राजस्थान के भरतपुर जिले में रहते हैं और यहां के हनुमान मंदिर में महंत हैं। जानकीदास बाबा अपनी दाढ़ी से भारी-भरकम चीजें उठा लेते हैं।
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हाल ही में उन्होंने गुरु पूर्णिमा पर मंदिर में रखे दो सिलेंडर अपनी 21 फीट लंबी दाढ़ी से उठा लिए थे। इससे पहले वे कुंभ मेले में नागा और अन्य साधुओं के बीच हुई प्रतियोगिता में भी भाग ले चुके हैं। यहां दाढ़ी से वजन उठाने में उन्होंने पहला स्थान हासिल किया था। वहीं, मध्यप्रदेश में हुई दाढ़ी से वजन उठाने की प्रतियोगिता भी बाबा ने ही जीती थी। यहां उन्हें इनाम में मोटर साइकिल मिल थी।
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जानकीदास बाबा बताते हैं कि उन्होंने 30 साल पहले सांसारिक जीवन का त्याग कर संत मार्ग अपना लिया था। वे मथुरा बाईपास पर स्थित हनुमान मंदिर के महंत हैं। बाबा कहते हैं कि मैं योग-ध्यान के साथ हनुमान जी की भक्ति करता हूं और सुबह-शाम कसरत करता हूं। कई साल से दाढ़ी से वजन उठाने का अभ्यास किया है। इसके बाद प्रतियोगिता में भाग लिया और पहले स्थान पर रहा। राजस्थान के अलावा अन्य राज्यों में भी वजन उठाने की प्रतियोगिता में भाग ले चुका हूं।
बाबा ने कहते हैं कि भरतपुर लोहागढ़ दुर्ग हमेशा से अजेय रहा। इसे कोई जीत नहीं सका। इसलिए दाढ़ी से वजन उठाने की प्रतियोगिता में हमेशा अव्वल आऊंगा और लोहागढ़ दुर्ग का नाम ऊंचा करूंगा। उन्होंने कहा कि आज कि युवा पीढ़ी को भी योग, ध्यान और कसरत करनी चाहिए। इससे हमेशा स्वस्थ रहा जा सकता है।