पंजाब पुलिस को सफलता: धरमिंदर भिंदा कत्ल के दो मुख्य आरोपी उत्तराखंड से गिरफ्तार, ऑपरेशन के दौरान एक पुलिस कर्मी घायल
एंटी गैंगस्टर टास्क फोर्स के प्रमुख एडीजीपी प्रमोद बान ने गैंगस्टरों को सख्त संदेश देते कहा कि वह गलत काम करना बंद करके मुख्य धारा में वापस आ जाएं, वर्ना कानून मुताबिक उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
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पटियाला में पंजाबी यूनिवर्सिटी के नजदीक छह अप्रैल को कबड्डी क्लब प्रधान धरमिंदर सिंह भिंदा (31) के कत्ल केस में पंजाब पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पंजाब सरकार की ओर से गठित गैंगस्टर विरोधी टास्क फोर्स ने पटियाला पुलिस के साथ एक सांझे आपरेशन में केस के दो मुख्य आरोपियों को उत्तराखंड के देहरादून से गिरफ्तार कर लिया है। इस ऑपरेशन के दौरान एक पुलिस मुलाजिम भी घायल हो गया।
शुक्रवार दोपहर को पुलिस लाइन में आयोजित एक पत्रकार वार्ता में एंटी गैंगस्टर टास्क फोर्स के प्रमुख एडीजीपी प्रमोद बान को इस संबंध में खुलासा किया। उन्होंने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों में पटियाला के गांव दौणकलां का रहने वाला 24 साल का हरवीर सिंह और इसी गांव का 32 साल का तेजिंदर सिंह फौजी शामिल है। इस दौरान एडीजीपी ने इन दोनों मुख्य आरोपियों के लॉरेंस बिश्नोई गैंग से संबंध होने की बात कबूली। इससे पहले पटियाला पुलिस ने इस हत्याकांड में किसी गैंग के शामिल होने से साफ इनकार किया था। इस मामले में अभी दो मुख्य आरोपी हरमन व बोनी दोनों निवासी गांव साहिब सिंह नगर थेड़ी फरार है। गौरतलब है कि इस केस में पटियाला पुलिस पहले सात गिरफ्तारियां कर चुकी हैं। इनमें से चार हमलावर और तीन पनाह देने वाले शामिल हैं।
दोस्त हुआ करते थे हरवीर और धरमिंदर
एडीजीपी ने बताया कि कबड्डी क्लब प्रधान धरमिंदर सिंह भिंदा निवासी गांव दौणकलां की मुख्य आरोपी हरवीर सिंह के साथ पहले दोस्ती थी। बाद में ग्रुपबाजी के चलते दोनों में रंजिश हो गई थी। इसके चलते ही हरवीर सिंह ने अपने साथियों तेजिंदर फौजी, हरमन और बोनी के साथ मिलकर छह अप्रैल को वारदात को अंजाम दिया था। उन्होंने बताया कि आरोपियों को अदालत में पेश करके उनका पुलिस रिमांड लिया जाएगा, ताकि उनसे पूछताछ में और खुलासे हो सकें। उन्होंने बताया कि आरोपियों से कोई बरामदगी नहीं हुई है।
इस मौके पर एडीजीपी ने गैंगस्टरों को सख्त संदेश देते कहा कि वह गलत काम करना बंद करके मुख्य धारा में वापस आ जाएं, वर्ना कानून मुताबिक उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। जेलों में गैंगस्टरों की ओर से जुर्म की वारदात को कराए जाने पर उन्होंने कहा कि जेल विभाग समेत पंजाब पुलिस और अन्य संबंधितों की ओर से एक टीम बनाकर सांझी रणनीति बनाई जा रही है जिसके तहत कानून मुताबिक गैंगस्टरों की समस्या का हल किया जाएगा।